Lucknow Desk: बागेश्वर धाम के प्रमुख धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री हाल ही में नागपुर स्थित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के मुख्यालय पहुंचे। यहां उन्होंने लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि हर परिवार को चार बच्चे पैदा करने चाहिए और उनमें से एक बच्चे को संघ का स्वयंसेवक बनाना चाहिए।
उन्होंने कहा कि जब देश में कोई आपदा आती है, तो आम लोग अपनी जान बचाने की कोशिश करते हैं, लेकिन RSS के स्वयंसेवक आगे बढ़कर लोगों की मदद करते हैं।
उनके इस बयान के दौरान मंच पर मौजूद संघ प्रमुख मोहन भागवत, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस और अन्य संत मुस्कराते नजर आए।
धीरेंद्र शास्त्री ने लोगों से खुश रहने और मुस्कुराने की भी अपील की। उन्होंने कहा कि इससे देश मजबूत होगा और “अखंड भारत” का सपना पूरा हो सकेगा।
उन्होंने आगे कहा कि भारत का गौरव फिर से जागेगा और देश महान बनेगा। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि भारत दुर्गा मंदिर का भूमिपूजन हो चुका है, जहां माता दुर्गा विराजमान होंगी।
अपने संबोधन में उन्होंने छत्रपति शिवाजी महाराज का जिक्र करते हुए एक कहानी सुनाई और लोगों को कर्तव्य निभाने का संदेश दिया।
अंत में उन्होंने कहा कि संघ के लोगों ने भारत को दुनिया में मजबूत बनाने के लिए अपना जीवन समर्पित किया है और देश के गौरव को फिर से स्थापित करने का संकल्प लिया है।
Lucknow Desk: बिहार के मोकामा से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ चुनाव प्रचार के दौरान हमला किया गया। इस घटना में जानी-मानी हस्ती दुलारचंद यादव की हत्या हो गई है और आरोप लगाया गया है कि इस घटना में पूर्व विधायक अनंत सिंह के समर्थकों की भूमिका है। यह घटना आगामी विधानसभा चुनाव के बीच हुई है, जिससे राज्य में कानून-व्यवस्था और चुनावी हिंसा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। अनंत सिंह समेत 5 नामजद मोकामा में दुलारचंद यादव की हत्या मामले में JDU प्रत्याशी बाहुबली अनंत सिंह समेत पांच लोगों पर केस दर्ज कर ली गई है। मृत दुलारचंद यादव के पोते के दिए गए बयान पर अनंत सिंह, दो भतीजों रणवीर सिंह, कर्मवीर सिंह, करीबी छोटन सिंह और कंजय सिंह पर नामजद और कई अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यानी दुलारचंद यादव के परिजनों और जन सुराज पार्टी के समर्थकों ने सीधे तौर पर JDU उम्मीदवार और बाहुबली नेता अनंत सिंह के समर्थकों पर हत्या का आरोप लगाया है। अनंत सिंह ने आरोपों को किया खारिज वहीं इस बयान पर JDU उम्मीदवार अनंत सिंह ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे RJD उम्मीदवार वीणा देवी के पति बाहुबली सूरजभान सिंह की साजिश बताया है। अनंत सिंह ने कहा कि उनके काफिले पर विरोधियों ने हमला किया और यह सारा खेल सूरजभान सिंह करवा रहे हैं। कौन थे दुलारचंद यादव ? मोकामा के रहने वाले दुलारचंद यादव को ‘टाल का बादशाह’ कहा जाता था। दुलारचंद पहलवानी के साथ-साथ गाना गाने के भी शौकीन थे। उन्होंने जन सुराज के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी के लिए एक गाना भी रिकॉर्ड करवाया था। माना जा रहा है कि मोकामा की चुनावी जंग अब व्यक्तिगत रंजिश और हिंसक टकराव की तरफ मुड़ गई है।
बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन एक बार फिर दादा होने का गर्व महसूस कर रहे हैं। दरअसल, उनके नाती अगस्त्य नंदा की अपकमिंग फिल्म ‘इक्कीस’ का ट्रेलर हाल ही में रिलीज़ हुआ है। ट्रेलर देखकर बिग बी इतने इमोशनल हो गए कि उन्होंने सोशल मीडिया पर एक दिल छू लेने वाला पोस्ट शेयर किया। अमिताभ ने अपने पोस्ट में लिखा, “ये तो बस शुरुआत है... गर्व है तुम्हारे इस सफर पर, मेरे बच्चे।” उनकी इस पोस्ट पर फैन्स और फिल्म इंडस्ट्री के सितारों ने जमकर प्यार लुटाया। ‘इक्कीस’ मेगास्टार मेघना गुलज़ार के निर्देशन में बनी है और इसमें अगस्त्य नंदा एक अहम किरदार निभा रहे हैं। फिल्म 1971 के युद्ध के हीरो अरुण खेत्रपाल की कहानी पर आधारित है, जो देश के सबसे युवा परमवीर चक्र विजेता थे। फिल्म के ट्रेलर में अगस्त्य का जोश और समर्पण देखकर फैन्स कह रहे हैं—“दादा की तरह नाती भी लाजवाब!” तो देखना दिलचस्प होगा कि क्या अगस्त्य अपनी पहली ही फिल्म से दादा अमिताभ की विरासत को आगे बढ़ा पाएंगे।
Lucknow Desk: कैसरगंज के बीजेपी नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के हेलीकॉप्टर को धान के खेत में अचानक उतारना पड़ा। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि तकनीकी खराबी आने के बाद पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतारा, जहां हेलीकॉप्टर देखने के लिए ग्रामीण भी जुट गए। मिली जानकारी के मुताबिक, बृजभूषण शरण सिंह एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। उड़ान के कुछ ही मिनट बाद हेलीकॉप्टर में तकनीकी दिक्कत आने लगी। स्थिति को समझते हुए पायलट ने तुरंत इमरजेंसी लैंडिंग का फैसला लिया और नज़दीकी धान के खेत में हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतार दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। हेलीकॉप्टर की जांच के लिए टेक्निकल टीम बुलाई गई है। फिलहाल राहत की बात यह है कि बृजभूषण शरण सिंह और हेलीकॉप्टर में मौजूद सभी लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं। जांच के बाद ही तकनीकी खराबी की असली वजह पता चल पाएगी। इसी बीच पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर संदेश दिया। उन्होंने कहा, आज मेरा बिहार प्रदेश के अंदर संदेश व दिनारा विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा का कार्यक्रम था। संदेश विधानसभा का कार्यक्रम करके मैं दिनारा विधानसभा के लिए हेलीकाप्टर से निकला था। अचानक मौसम खराब होने के कारण हेलीकाप्टर की सुरक्षित लैंडिंग एक खेत में करानी पड़ी। पायलट ने बड़ी सूझबूझ से लैंडिंग कराई। मैं, इस समय गाड़ी से पटना जा रहा हूं। किसी अफवाह में आने की जरूरत नहीं है। किसी प्रकार की कोई हानि नहीं हुई है। हम सभी पूर्णतया सुरक्षित हैं। हेलीकाप्टर की सुरक्षा का प्रबंध कर दिया गया है। प्रशासन व जनता का बहुत सहयोग रहा...धन्यवाद
Lucknow Desk: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज बुधवार को भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान राफेल में उड़ान भरकर इतिहास रच दिया है। इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सुखोई-3 MKI लड़ाकू विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। राष्ट्रपति की इस उड़ान ने आज भारतीय वायुसेना के साथ-साथ पूरे देश को गौरव से भर दिया है। बता दें, भारत का राष्ट्रपति तीनों सेनाओं की कमांडर होता है और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर मौजूद हैं। अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज सुबह अंबाला एयरबेस पहुंचीं, जहां वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए. पी. सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। बता दें, राष्ट्रपति का यह उड़ान न केवल साहसिक नेतृत्व शैली का प्रतीक है, बल्कि भारत की बढ़ती रक्षा क्षमता और 'आत्मनिर्भर भारत' के संकल्प को वैश्विक पटल पर मजबूती से प्रदर्शित करना भी है। फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली दूसरी महिला राष्ट्रपति मुर्मू राष्ट्रपति मुर्मू ने फाइटर जेट की सवारी ये पहली बार नहीं की हैं। उन्होंने इससे पहले 8 अप्रैल 2023 को असम के तेजपुर एयरफोर्स स्टेशन से सुखोई-30 MKI फाइटर विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। वह फाइटर जेट उड़ाने वाली तीसरी राष्ट्रपति और दूसरी महिला राष्ट्राध्यक्ष बनी थीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने से पहले पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम और प्रतिभा पाटिल ने भी सुखोई-30 MKI में उड़ान भरी थी। राफेल लड़ाकू विमान का क्या है इतिहास? बता दें, राफेल लड़ाकू विमान फ्रांसीसी कंपनी दसॉ एविएशन द्वारा निर्मित किया गया है। सितंबर 2020 में अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना में औपचारिक रूप से शामिल किया गया था। अंबाला एयरबेस राफेल स्क्वाड्रन ‘गोल्डन एरोज' का मुख्य केंद्र है। इन विमानों का इस्तेमाल हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान किया गया था, इसके माध्यम से आतंकवादी ठिकानों पर हमले कर अपनी ताकत को सैनियों ने दिखाया था।
Lucknow Desk: आज 02 नवंबर 2025 को बॉलीवुड के बादशाह Shahrukh Khan ने अपने 60वें जन्मदिन का जश्न मनाया। इस मौके पर उन्होंने अपने परिवार, करीबियों और फिल्म इंडस्ट्री के दोस्तों के साथ खुशियाँ बाँटी। उन्होंने अपने आलीशान घर के बजाय इस बार सार्वजनिक रूप से Mannat से बाहर नहीं दिखने का फैसला किया क्योंकि वहाँ फिलहाल निर्माण का काम चल रहा है। वहीँ, जश्न के लिए उन्होंने Alibaug में स्थित निजी स्थान चुना। एक विशेष फैन-मीट कार्यक्रम Balgandharva Rangmandir, बांद्रा में आयोजित किया गया था, जहाँ सीमित प्रवेश पास के माध्यम से प्रशंसक सीधे शामिल हुए। सोशल मीडिया पर सितारों ने बधाइयाँ दीं। जिसमें Farah Khan ने लिखा, “Happy birthday KING … rule for another 100 years”। बता दें कि Shahrukh Khan के जन्मदिन के मौके पर सिर्फ भारत भर से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी फैंस जुटे। शाहरुख खान के फैन क्लबों ने जन्मदिन सप्ताह के रूप में मनाया, चैरिटी ड्राइव, विशेष बैनर आदि के माध्यम से ख़ास अंदाज़ से जश्न मनाया।
Lucknow Desk: पश्चिम बंगाल में सत्ता परिवर्तन के बाद TMC ताश के पत्तों की तरह बिखरती दिखाई दे रही है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, TMC प्रमुख ममता बनर्जी की बेहद करीबी और TMC की फायरब्रांड चेहरा सयानी घोष भी बागी हो गईं हैं। जानकारी मिल रही है कि बागी गुट में कुल 20 लोकसभा सांसद शामिल हैं। जिसमें सयानी घोष और सुदीप बंदोपाध्याय का भी नाम शामिल हैं। बता दें, इसके अलावा दो राज्यसभा सांसदों (सुखेंदु शेखर राय और सुष्मिता देव) ने भी इस्तीफा दे दिया है। TMC में कैसे शुरु हुआ बगावत का सिलसिला? तृणमूल कांग्रेस में बगावत का दौर ऋतब्रत बनर्जी और संदीपन साहा के पार्टी से निकालने के बाद से शुरु हुआ है। पार्टी में विरोध की वजह से ममता ने ऋतब्रत बनर्जी और संदीपन साहा को पार्टी से निकाल दिया। जिसके बाद ऋतब्रत बनर्जी बागी होकर TMC के 58 विधायकों को अपने साथ ले गए। विधायकों के बाद पार्टी में सांसदों के भी टूटने की खबरे तेज हो गई है। Saayoni Ghosh कौन हैं? सयानी घोष ममता बनर्जी की बेहद करीबी मानी जाती थीं। सयानी घोष पश्चिम बंगाल की एक प्रसिद्ध बंगाली अभिनेत्री, गायिका और तृणमूल कांग्रेस की सांसद है। वह वर्तमान में जादवपुर संसदीय क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाली लोकसभा सांसद हैं। बयानों की वजह से सुर्खियों में सयानी घोष सयानी घोष तब सुर्खियों में आईं जब बंगाल विधानसभा चुनाव प्रचार कर रही थीं तब उनका एक गाना 'मेरे दिल में है काबा और आंखों में मदीना’ काफी चर्चा में रहा। इसके साथ ही इस गाने पर उनको विवादों का सामना करना पड़ा था। इसके अलावा आम आदमी पार्टी छोड़कर बीजेपी में शामिल होने वाले राघव चड्ढा पर सयानी घोष ने एक चुनावी जनसभा के दौरान निशाना साधा था। उन्होंने तंज कसते हुए कहा था, "मैं चड्ढा नहीं हूं जो 'चड्डी' बन जाऊंगी, घोष हमेशा घोष ही रहेगा।"
Lucknow Desk: उत्तर प्रदेश के चंदौली जिले से एक ऐसा मामला सामने आया है, जिसने इलाके में खूब चर्चा बटोर ली है। यहां अपने इलाके में रौब जमाने और लोगों के बीच खौफ पैदा करने के लिए अवैध तमंचा लहराने वाले एक युवक को बलुआ थाना पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी के पास से एक अवैध 315 बोर का तमंचा और एक जिंदा कारतूस भी बरामद किया है। दरअसल, पूरा मामला बलुआ थाना क्षेत्र के नैढ़ी ईदगाह चौराहे का है। जानकारी के मुताबिक 2 जून 2026 को आमिर अहमद नाम के युवक की गांव के ही एक व्यक्ति से किसी बात को लेकर कहासुनी हो गई थी। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि दोनों के बीच मारपीट शुरू हो गई। इसी दौरान खुद को ताकतवर दिखाने और आसपास मौजूद लोगों में डर पैदा करने के लिए आमिर ने अवैध तमंचा निकाल लिया और उसे लहराते हुए जान से मारने की धमकी देने लगा। घटना के बाद पीड़ित पक्ष ने बलुआ थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत मिलते ही पुलिस हरकत में आई और भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आरोपी की तलाश शुरू कर दी। पुलिस लगातार उसकी गतिविधियों पर नजर बनाए हुए थी। इसी बीच पुलिस को सूचना मिली कि आरोपी आमिर अहमद अपने घर से फरार होकर वाराणसी भागने की तैयारी में है। सूचना मिलते ही बलुआ थाना प्रभारी अरुण प्रताप सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम सक्रिय हो गई। पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से एक अवैध तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ। इसके बाद मामले में आर्म्स एक्ट की धाराएं भी बढ़ा दी गईं। पुलिस पूछताछ में आरोपी ने कई अहम खुलासे किए। उसने बताया कि वह इलाके में अपना दबदबा बनाए रखने और लोगों पर रौब जमाने के लिए तमंचा रखता था। आरोपी ने यह भी स्वीकार किया कि पुलिस में मुकदमा दर्ज होने की जानकारी मिलने के बाद वह डर गया था और गिरफ्तारी से बचने के लिए भागने की कोशिश कर रहा था। पूछताछ के दौरान आमिर ने बताया कि उसने यह अवैध तमंचा बिहार के भभुआ जिले में एक अज्ञात व्यक्ति से खरीदा था। हालांकि उसने यह भी कहा कि उससे गलती हुई है और भविष्य में वह ऐसी हरकत दोबारा नहीं करेगा। इस पूरी कार्रवाई को सफल बनाने में बलुआ थाना प्रभारी अरुण प्रताप सिंह, मारूफपुर चौकी प्रभारी अमित कुमार सिंह, उप-निरीक्षक जगदीश प्रसाद, हेड कांस्टेबल संतोष यादव और कांस्टेबल शिशिर यादव की महत्वपूर्ण भूमिका रही। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई पूरी करते हुए उसे न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। फिलहाल इस गिरफ्तारी के बाद इलाके में यह संदेश गया है कि कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने और अवैध हथियारों के दम पर भौकाल बनाने की कोशिश करने वालों के खिलाफ पुलिस सख्त कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगी।
Lucknow Desk: आज राजधानी जयपुर समेत पूरे राजस्थान में ईद-उल-अजहा यानी बकरीद का त्योहार पूरी आस्था, अकीदत और सम्मान के साथ मनाया गया। सुबह से ही मस्जिदों और ईदगाहों में भारी भीड़ देखने को मिली, जहां लोगों ने बकरीद की विशेष नमाज अदा की। नमाज के बाद देश की तरक्की, शांति और दुनिया में अमन-चैन कायम रहने की दुआ मांगी गई। जयपुर की सबसे बड़ी ईदगाह में इस बार भी बड़ी संख्या में लोग पहुंचे। बताया जा रहा है कि यहां करीब एक लाख लोगों ने एक साथ नमाज अदा की। हालांकि ईदगाह परिसर की क्षमता केवल कुछ हजार लोगों की ही है, इसलिए बड़ी संख्या में लोगों को बाहर सड़क और आसपास के इलाकों में भी नमाज पढ़नी पड़ी। इसी वजह से जयपुर-दिल्ली नेशनल हाईवे पर कुछ समय के लिए यातायात प्रभावित रहा और जाम की स्थिति भी बनी। हालांकि सड़क पर नमाज पढ़े जाने को लेकर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आई हैं। कुछ लोगों का कहना है कि भीड़ ज्यादा होने और जगह कम होने की वजह से यह व्यवस्था जरूरी हो जाती है, जबकि कुछ संगठनों ने इस पर आपत्ति जताते हुए सड़क पर धार्मिक गतिविधियों को लेकर नियमों की सख्ती की मांग की है। इस मुद्दे पर राजनीतिक बयानबाजी भी देखने को मिली। BJP के कुछ नेताओं और विश्व हिंदू परिषद ने सड़क पर नमाज को लेकर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सार्वजनिक जगहों पर इस तरह के आयोजन से आम लोगों को परेशानी होती है और इसलिए इसे नियंत्रित किया जाना चाहिए। वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस नेताओं ने इन बयानों का विरोध किया है। उनका आरोप है कि इस तरह के मुद्दों को उठाकर समाज में तनाव पैदा करने की कोशिश की जाती है। जयपुर में कई जगहों पर ईद की नमाज शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई। नमाज के बाद लोग एक-दूसरे से गले मिलते नजर आए और ईद की मुबारकबाद दी। घरों में पारंपरिक पकवान जैसे सेवइयां बनाई गईं और लोगों ने एक-दूसरे का मुंह मीठा कराया। बकरीद के मौके पर कुर्बानी की रस्म भी धार्मिक परंपरा के अनुसार निभाई गई। प्रशासन की ओर से सुरक्षा और सफाई के विशेष इंतजाम किए गए थे ताकि त्योहार शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो सके। साथ ही कई जगहों पर युवाओं को नशे से दूर रहने और समाज में सकारात्मक संदेश देने की भी अपील की गई। कुल मिलाकर, जयपुर और पूरे राजस्थान में बकरीद का त्योहार भाईचारे, आस्था और सामाजिक एकता के संदेश के साथ मनाया गया। लोग पूरे उत्साह के साथ इस पर्व में शामिल हुए और अमन-चैन की दुआ के साथ अपने-अपने घर लौटे।