Lucknow Desk: आज से संसद के दोनों सदनों में राष्ट्रीय गीत Vande Mataram के 150 वर्ष पूरे होने पर विशेष चर्चा हो रही है। PM Modi ने संसद में वंदे मातरम् पर विशेष चर्चा की शुरुआत कर दी है। उन्होंने कहा कि आज हम इस ऐतिहासिक अवसर के साक्षी बन रहे हैं, जब संसद में इसकी चर्चा चल रही है। PM Modi ने सदन को संबोधित करते हुए कहा, जिस मंत्र ने, जिस जयघोष ने देश के आजादी के आंदोलन को ऊर्जा और प्रेरणा दी थी, त्याग और तपस्या का मार्ग दिखाया था, उस Vande Mataram का पुण्य स्मरण करना इस सदन में हम सबका बहुत बड़ा सौभाग्य है। हमारे लिए यह गर्व की बात है कि Vande Mataram के 150 वर्ष पूरे हो रहे हैं और हम सभी इस ऐतिहासिक अवसर के साक्षी बन रहे हैं।
PM Modi ने आगे कहा कि यही Vande Mataram है जिसने 1947 में देश को आजादी दिलाई। स्वतंत्रता संग्राम का भावात्मक नेतृत्व इस Vande Mataram के जयघोष में था। यहां कोई पक्ष-प्रतिपक्ष नहीं है, हम सबके लिए यह रण स्वीकार करने का अवसर है, जिस Vande Mataram के कारण हमारे लोग आजादी का आंदोलन चला रहे थे उसी का परिणाम है कि आज हम सब यहां बैठे हैं।
PM Modi ने निशाना साधते हुए कहा, वंदे मातरम् 150 की यह यात्रा अनेक पड़ावों से गुजरी है लेकिन Vande Mataram को जब 50 वर्ष हुए तब देश गुलामी में जीने के लिए मजबूर था और Vande Mataram के जब 100 साल हुए तब देश आपातकाल की जंजीरों में जक़ड़ा हुआ था। जब Vande Mataram 100 साल का हुआ तब देशभक्ति के लिए जीने-मरने वाले लोगों को सलाखों के पीछे बंद कर दिया गया था। जिस Vande Mataram के गीत ने देश को आजादी की ऊर्जा दी थी उसके जब 100 साल हुए तो दुर्भाग्य से एक काला कालखंड हमारे इतिहास में उजागर हो गया। 150 वर्ष उस महान अध्याय को, उस गौरव को पुनर्स्थापित करने का अवसर है।
Lucknow Desk: बिहार के मोकामा से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ चुनाव प्रचार के दौरान हमला किया गया। इस घटना में जानी-मानी हस्ती दुलारचंद यादव की हत्या हो गई है और आरोप लगाया गया है कि इस घटना में पूर्व विधायक अनंत सिंह के समर्थकों की भूमिका है। यह घटना आगामी विधानसभा चुनाव के बीच हुई है, जिससे राज्य में कानून-व्यवस्था और चुनावी हिंसा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। अनंत सिंह समेत 5 नामजद मोकामा में दुलारचंद यादव की हत्या मामले में JDU प्रत्याशी बाहुबली अनंत सिंह समेत पांच लोगों पर केस दर्ज कर ली गई है। मृत दुलारचंद यादव के पोते के दिए गए बयान पर अनंत सिंह, दो भतीजों रणवीर सिंह, कर्मवीर सिंह, करीबी छोटन सिंह और कंजय सिंह पर नामजद और कई अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यानी दुलारचंद यादव के परिजनों और जन सुराज पार्टी के समर्थकों ने सीधे तौर पर JDU उम्मीदवार और बाहुबली नेता अनंत सिंह के समर्थकों पर हत्या का आरोप लगाया है। अनंत सिंह ने आरोपों को किया खारिज वहीं इस बयान पर JDU उम्मीदवार अनंत सिंह ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे RJD उम्मीदवार वीणा देवी के पति बाहुबली सूरजभान सिंह की साजिश बताया है। अनंत सिंह ने कहा कि उनके काफिले पर विरोधियों ने हमला किया और यह सारा खेल सूरजभान सिंह करवा रहे हैं। कौन थे दुलारचंद यादव ? मोकामा के रहने वाले दुलारचंद यादव को ‘टाल का बादशाह’ कहा जाता था। दुलारचंद पहलवानी के साथ-साथ गाना गाने के भी शौकीन थे। उन्होंने जन सुराज के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी के लिए एक गाना भी रिकॉर्ड करवाया था। माना जा रहा है कि मोकामा की चुनावी जंग अब व्यक्तिगत रंजिश और हिंसक टकराव की तरफ मुड़ गई है।
बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन एक बार फिर दादा होने का गर्व महसूस कर रहे हैं। दरअसल, उनके नाती अगस्त्य नंदा की अपकमिंग फिल्म ‘इक्कीस’ का ट्रेलर हाल ही में रिलीज़ हुआ है। ट्रेलर देखकर बिग बी इतने इमोशनल हो गए कि उन्होंने सोशल मीडिया पर एक दिल छू लेने वाला पोस्ट शेयर किया। अमिताभ ने अपने पोस्ट में लिखा, “ये तो बस शुरुआत है... गर्व है तुम्हारे इस सफर पर, मेरे बच्चे।” उनकी इस पोस्ट पर फैन्स और फिल्म इंडस्ट्री के सितारों ने जमकर प्यार लुटाया। ‘इक्कीस’ मेगास्टार मेघना गुलज़ार के निर्देशन में बनी है और इसमें अगस्त्य नंदा एक अहम किरदार निभा रहे हैं। फिल्म 1971 के युद्ध के हीरो अरुण खेत्रपाल की कहानी पर आधारित है, जो देश के सबसे युवा परमवीर चक्र विजेता थे। फिल्म के ट्रेलर में अगस्त्य का जोश और समर्पण देखकर फैन्स कह रहे हैं—“दादा की तरह नाती भी लाजवाब!” तो देखना दिलचस्प होगा कि क्या अगस्त्य अपनी पहली ही फिल्म से दादा अमिताभ की विरासत को आगे बढ़ा पाएंगे।
Lucknow Desk: कैसरगंज के बीजेपी नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के हेलीकॉप्टर को धान के खेत में अचानक उतारना पड़ा। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि तकनीकी खराबी आने के बाद पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतारा, जहां हेलीकॉप्टर देखने के लिए ग्रामीण भी जुट गए। मिली जानकारी के मुताबिक, बृजभूषण शरण सिंह एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। उड़ान के कुछ ही मिनट बाद हेलीकॉप्टर में तकनीकी दिक्कत आने लगी। स्थिति को समझते हुए पायलट ने तुरंत इमरजेंसी लैंडिंग का फैसला लिया और नज़दीकी धान के खेत में हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतार दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। हेलीकॉप्टर की जांच के लिए टेक्निकल टीम बुलाई गई है। फिलहाल राहत की बात यह है कि बृजभूषण शरण सिंह और हेलीकॉप्टर में मौजूद सभी लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं। जांच के बाद ही तकनीकी खराबी की असली वजह पता चल पाएगी। इसी बीच पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर संदेश दिया। उन्होंने कहा, आज मेरा बिहार प्रदेश के अंदर संदेश व दिनारा विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा का कार्यक्रम था। संदेश विधानसभा का कार्यक्रम करके मैं दिनारा विधानसभा के लिए हेलीकाप्टर से निकला था। अचानक मौसम खराब होने के कारण हेलीकाप्टर की सुरक्षित लैंडिंग एक खेत में करानी पड़ी। पायलट ने बड़ी सूझबूझ से लैंडिंग कराई। मैं, इस समय गाड़ी से पटना जा रहा हूं। किसी अफवाह में आने की जरूरत नहीं है। किसी प्रकार की कोई हानि नहीं हुई है। हम सभी पूर्णतया सुरक्षित हैं। हेलीकाप्टर की सुरक्षा का प्रबंध कर दिया गया है। प्रशासन व जनता का बहुत सहयोग रहा...धन्यवाद
Lucknow Desk: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज बुधवार को भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान राफेल में उड़ान भरकर इतिहास रच दिया है। इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सुखोई-3 MKI लड़ाकू विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। राष्ट्रपति की इस उड़ान ने आज भारतीय वायुसेना के साथ-साथ पूरे देश को गौरव से भर दिया है। बता दें, भारत का राष्ट्रपति तीनों सेनाओं की कमांडर होता है और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर मौजूद हैं। अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज सुबह अंबाला एयरबेस पहुंचीं, जहां वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए. पी. सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। बता दें, राष्ट्रपति का यह उड़ान न केवल साहसिक नेतृत्व शैली का प्रतीक है, बल्कि भारत की बढ़ती रक्षा क्षमता और 'आत्मनिर्भर भारत' के संकल्प को वैश्विक पटल पर मजबूती से प्रदर्शित करना भी है। फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली दूसरी महिला राष्ट्रपति मुर्मू राष्ट्रपति मुर्मू ने फाइटर जेट की सवारी ये पहली बार नहीं की हैं। उन्होंने इससे पहले 8 अप्रैल 2023 को असम के तेजपुर एयरफोर्स स्टेशन से सुखोई-30 MKI फाइटर विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। वह फाइटर जेट उड़ाने वाली तीसरी राष्ट्रपति और दूसरी महिला राष्ट्राध्यक्ष बनी थीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने से पहले पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम और प्रतिभा पाटिल ने भी सुखोई-30 MKI में उड़ान भरी थी। राफेल लड़ाकू विमान का क्या है इतिहास? बता दें, राफेल लड़ाकू विमान फ्रांसीसी कंपनी दसॉ एविएशन द्वारा निर्मित किया गया है। सितंबर 2020 में अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना में औपचारिक रूप से शामिल किया गया था। अंबाला एयरबेस राफेल स्क्वाड्रन ‘गोल्डन एरोज' का मुख्य केंद्र है। इन विमानों का इस्तेमाल हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान किया गया था, इसके माध्यम से आतंकवादी ठिकानों पर हमले कर अपनी ताकत को सैनियों ने दिखाया था।
Lucknow Desk: आज 02 नवंबर 2025 को बॉलीवुड के बादशाह Shahrukh Khan ने अपने 60वें जन्मदिन का जश्न मनाया। इस मौके पर उन्होंने अपने परिवार, करीबियों और फिल्म इंडस्ट्री के दोस्तों के साथ खुशियाँ बाँटी। उन्होंने अपने आलीशान घर के बजाय इस बार सार्वजनिक रूप से Mannat से बाहर नहीं दिखने का फैसला किया क्योंकि वहाँ फिलहाल निर्माण का काम चल रहा है। वहीँ, जश्न के लिए उन्होंने Alibaug में स्थित निजी स्थान चुना। एक विशेष फैन-मीट कार्यक्रम Balgandharva Rangmandir, बांद्रा में आयोजित किया गया था, जहाँ सीमित प्रवेश पास के माध्यम से प्रशंसक सीधे शामिल हुए। सोशल मीडिया पर सितारों ने बधाइयाँ दीं। जिसमें Farah Khan ने लिखा, “Happy birthday KING … rule for another 100 years”। बता दें कि Shahrukh Khan के जन्मदिन के मौके पर सिर्फ भारत भर से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी फैंस जुटे। शाहरुख खान के फैन क्लबों ने जन्मदिन सप्ताह के रूप में मनाया, चैरिटी ड्राइव, विशेष बैनर आदि के माध्यम से ख़ास अंदाज़ से जश्न मनाया।
बंगाल की खाड़ी में कम दबाव का क्षेत्र बनने के बाद आंध्र प्रदेश और ओडिशा के तटीय इलाकों में संभावित चक्रवाती तूफान को लेकर सतर्कता बढ़ गई है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार, समुद्र में विकसित हो रहा यह मौसम तंत्र अगले कुछ दिनों में और मजबूत हो सकता है। इसके प्रभाव से पूर्वी तट के कई इलाकों में भारी बारिश, तेज हवाएं और समुद्र में ऊंची लहरें उठने की आशंका है। हालांकि, तूफान के संभावित रास्ते और तट से टकराने के स्थान को लेकर अभी अंतिम पुष्टि नहीं हुई है। बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र मौसम विभाग के अनुसार, 23 अक्टूबर की सुबह बंगाल की खाड़ी के पूर्व-मध्य और उससे सटे दक्षिण-पूर्वी हिस्से में कम दबाव का क्षेत्र विकसित हुआ। इसके पश्चिम-उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ने और धीरे-धीरे मजबूत होने की संभावना है। मौसम वैज्ञानिक लगातार इस सिस्टम की स्थिति, दिशा और तीव्रता पर नजर रख रहे हैं। पूर्वानुमान के मुताबिक, यह मौसम तंत्र 24 अक्टूबर तक डिप्रेशन और 25 अक्टूबर तक गहरे डिप्रेशन में बदल सकता है। इसके बाद 26 अक्टूबर की सुबह तक इसके चक्रवाती तूफान का रूप लेने की संभावना जताई गई है। आगे बढ़ते हुए यह उत्तर आंध्र प्रदेश और दक्षिण ओडिशा के तटों की ओर पहुंच सकता है। कई राज्यों में भारी बारिश की संभावना संभावित चक्रवाती सिस्टम का असर केवल आंध्र प्रदेश और ओडिशा तक सीमित नहीं रह सकता। मौसम विभाग ने तमिलनाडु, पुडुचेरी, केरल और कर्नाटक के कुछ हिस्सों में भी बारिश और तेज हवाओं की संभावना जताई है। अलग-अलग क्षेत्रों में मौसम का प्रभाव अलग हो सकता है। ओडिशा में 27 से 29 अक्टूबर के बीच कई स्थानों पर बारिश होने का अनुमान है। कुछ जिलों में भारी बारिश की स्थिति बन सकती है। वहीं, तटीय आंध्र प्रदेश में भी आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियां बढ़ने की संभावना है। लगातार बारिश होने पर निचले इलाकों में जलभराव और स्थानीय स्तर पर यातायात प्रभावित हो सकता है। समुद्र में तेज हवाओं को लेकर चेतावनी मौसम विभाग ने बंगाल की खाड़ी के कुछ समुद्री क्षेत्रों में तेज हवाएं चलने की आशंका जताई है। 26 अक्टूबर से पश्चिम-मध्य और उससे सटे पूर्व-मध्य बंगाल की खाड़ी में हवा की गति बढ़ सकती है। परिस्थितियों के अनुसार हवाओं की रफ्तार और मौसम की गंभीरता में बदलाव संभव है। समुद्र में खराब मौसम को देखते हुए मछुआरों को प्रभावित क्षेत्रों में जाने से बचने की सलाह दी गई है। तटीय इलाकों में रहने वाले लोगों को भी स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की चेतावनियों पर ध्यान देने की जरूरत है। प्रशासन ने सतर्कता बढ़ाई संभावित तूफान को देखते हुए प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासनिक तैयारियों और मौसम संबंधी निगरानी का महत्व बढ़ गया है। भारी बारिश और तेज हवाओं की स्थिति में बिजली आपूर्ति, सड़क यातायात और स्थानीय सेवाओं पर असर पड़ सकता है। लोगों को मौसम संबंधी आधिकारिक निर्देशों का पालन करने और अनावश्यक रूप से समुद्र तटों के पास जाने से बचने की सलाह दी जाती है। फिलहाल चक्रवाती तूफान की अंतिम तीव्रता और उसके तट से टकराने की जगह स्पष्ट नहीं है। मौसम विभाग आने वाले दिनों में नए बुलेटिन जारी कर स्थिति की जानकारी देगा। ऐसे में आंध्र प्रदेश और ओडिशा के तटीय क्षेत्रों में रहने वाले लोगों के लिए जरूरी है कि वे अफवाहों पर भरोसा करने के बजाय आधिकारिक मौसम अपडेट पर नजर रखें।
बिहार के गोपालगंज जिले में शनिवार सुबह एक सड़क हादसे में 14 वर्षीय किशोर अतुल यादव की मौत हो गई। यह घटना भोरे थाना क्षेत्र के जगतौली ओपी अंतर्गत बगहवां मिश्र गांव की बताई जा रही है। किशोर की मौत की खबर मिलते ही परिवार में शोक छा गया और गांव में मातम का माहौल बन गया। घटना को लेकर स्थानीय स्तर पर अलग-अलग विवरण सामने आए हैं। आलू लाने के दौरान हुआ हादसा प्राप्त समाचार रिपोर्टों के अनुसार, मृतक की पहचान बगहवां मिश्र गांव निवासी नेबूलाल यादव के पुत्र अतुल यादव के रूप में हुई है। शनिवार की सुबह वह आलू लाने के लिए ट्रैक्टर से कोल्ड स्टोरेज की ओर जा रहा था। इसी दौरान रास्ते में ट्रैक्टर और किशोर से जुड़ा हादसा हो गया। घटना कैसे हुई, इसको लेकर रिपोर्टों में अलग-अलग जानकारी दी गई है। एक रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रैक्टर से उतरते समय किशोर का पैर फिसल गया और वह वाहन की चपेट में आ गया। वहीं, दूसरी रिपोर्ट में सड़क पर बने अस्थायी स्पीड ब्रेकर से ट्रैक्टर को झटका लगने के बाद किशोर के नीचे गिरने की बात कही गई है। हादसे की वास्तविक परिस्थितियों की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने मृत घोषित किया हादसे के बाद किशोर को इलाज के लिए भोरे स्थित अस्पताल ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। इस खबर के सामने आने के बाद परिवार के सदस्यों का बुरा हाल हो गया। परिजनों और गांव के लोगों के बीच शोक का माहौल बन गया। कम उम्र में किशोर की मौत से गांव के लोगों में भी दुख है। त्योहार के समय हुई इस घटना ने परिवार की खुशियों को गहरे दुख में बदल दिया। पुलिस ने शुरू की मामले की जांच घटना की सूचना मिलने के बाद जगतौली ओपी की पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। समाचार रिपोर्टों के अनुसार, पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए गोपालगंज सदर अस्पताल भेजने की प्रक्रिया पूरी की। एक रिपोर्ट में दुर्घटना में शामिल ट्रैक्टर को जब्त किए जाने की भी जानकारी दी गई है। पुलिस हादसे के कारणों और उससे जुड़े अन्य पहलुओं की पड़ताल कर रही है। इस मामले में आगे की कार्रवाई जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी। सड़क सुरक्षा पर फिर उठे सवाल इस घटना के बाद ग्रामीण सड़कों पर चलने वाले कृषि वाहनों की सुरक्षा को लेकर सवाल उठ रहे हैं। ट्रैक्टर-ट्रॉली का इस्तेमाल खेती और सामान ढोने के लिए किया जाता है, लेकिन यात्रा के दौरान सावधानी बरतना भी जरूरी है। वाहन पर सवार लोगों की सुरक्षा, सड़क की स्थिति और यातायात नियमों का पालन दुर्घटनाओं का जोखिम कम करने में मदद कर सकता है। फिलहाल, गोपालगंज की इस घटना में किशोर की मौत से परिवार और गांव के लोग दुखी हैं। पुलिस जांच के बाद ही हादसे के कारणों की स्पष्ट जानकारी सामने आ सकेगी।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने और महिला खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए सरकार की योजनाओं का उल्लेख किया है। शुक्रवार को शारदीय नवरात्रि की षष्ठी तिथि पर मां कात्यायनी को नारी शक्ति, साहस और पराक्रम का प्रतीक बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में ‘पदक लाओ, पद पाओ’ योजना के तहत पदक विजेता खिलाड़ियों को सरकारी सेवाओं में सीधी भर्ती का अवसर दिया जा रहा है। पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को नौकरी का अवसर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने संदेश में कहा कि खेलों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को सम्मान और प्रोत्साहन देना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने बताया कि ओलंपिक, कॉमनवेल्थ और एशियन गेम्स जैसी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों को नकद पुरस्कार दिए जा रहे हैं। इसके साथ ही पात्र खिलाड़ियों को ‘पदक लाओ, पद पाओ’ योजना के अंतर्गत सरकारी नौकरी में सीधी भर्ती का अवसर भी उपलब्ध कराया जा रहा है। इस पहल का उद्देश्य खिलाड़ियों को खेलों में बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित करना और उनकी उपलब्धियों के आधार पर भविष्य को सुरक्षित बनाने में मदद करना है। हालांकि, भर्ती के लिए निर्धारित पात्रता और नियम लागू होते हैं। महिला खिलाड़ियों की उपलब्धियों का किया उल्लेख मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश की उन महिला खिलाड़ियों की उपलब्धियों को भी रेखांकित किया, जिन्होंने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन किया है। एथलेटिक्स में पारुल चौधरी, प्रियंका गोस्वामी, प्राची चौधरी और अन्नू रानी का उल्लेख किया गया। वहीं, जूडो में अस्मिता डे, क्रिकेट में दीप्ति शर्मा और मेघना सिंह, हॉकी में वंदना कटारिया तथा कुश्ती में दिव्या काकरान की उपलब्धियों की सराहना की गई। मुख्यमंत्री के अनुसार, इन खिलाड़ियों ने कॉमनवेल्थ और एशियन गेम्स जैसी प्रतियोगिताओं में अपने प्रदर्शन से प्रदेश को गौरवान्वित किया है। उनकी सफलता अन्य युवाओं, विशेषकर बेटियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। गांव से लेकर जिला स्तर तक बढ़ेंगी खेल सुविधाएं योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश में खेल सुविधाओं के विस्तार का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि गांवों के खेल मैदानों और ब्लॉक स्तर के मिनी स्टेडियम से लेकर जिला स्तरीय स्टेडियम तथा मंडल स्तर के स्पोर्ट्स कॉलेज तक सुविधाएं विकसित की जा रही हैं। मेरठ में मेजर ध्यानचंद खेल विश्वविद्यालय को भी खेल शिक्षा और प्रशिक्षण के लिहाज से महत्वपूर्ण बताया गया। बेहतर मैदान, प्रशिक्षण और संसाधन मिलने से खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा निखारने के अधिक अवसर मिल सकते हैं। सरकार की ओर से खेलों के प्रति युवाओं की रुचि बढ़ाने और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आगे लाने पर जोर दिया जा रहा है। नारी शक्ति और खेलों को बढ़ावा देने पर जोर मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में वर्ष 2017 से पहले की स्थिति की आलोचना करते हुए दावा किया कि पिछले साढ़े नौ वर्षों में प्रदेश में सुरक्षा, प्रोत्साहन और खेल सुविधाओं के क्षेत्र में बदलाव आया है। उन्होंने कहा कि बेटियों को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए बेहतर अवसर उपलब्ध कराना आवश्यक है। ‘पदक लाओ, पद पाओ’ योजना और खेल अवसंरचना के विस्तार को इसी दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया गया। इस पहल से खिलाड़ियों को आर्थिक प्रोत्साहन के साथ सरकारी सेवा में अवसर मिलने की उम्मीद है। हालांकि, वास्तविक लाभ संबंधित भर्ती नियमों और पात्रता पर निर्भर करेगा।