Lucknow Desk: जमीयत उलेमा-ए-हिंद के अध्यक्ष Maulana Mahmood Madani के बयान से राजनीति में हंगामा खड़ा हो गया है। दरअसल, भोपाल में जमीयत उलेमा-ए-हिंद की गवर्निंग बॉडी काउंसिल की मीटिंग में Maulana Mahmood Madani ने सुप्रीम कोर्ट पर गंभीर सवाल उठाए हैं। इसके अलावा उन्होंने जिहाद शब्द को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर भी आपत्ति जताई है।
जमीयत उलेमा-ए-हिंद की नेशनल गवर्निंग बॉडी मीटिंग में उन्होंने कहा कि जिहाद, इस्लाम और मुसलमानों के दुश्मनों ने जिहाद जैसे इस्लाम के पवित्र विचारों को गलत इस्तेमाल, गड़बड़ी और हिंसा से जुड़े शब्दों में बदल दिया है।
जब-जब जुल्म होगा, तब-तब जिहाद: Maulana
Maulana Mahmood Madani ने आगे कहा कि लव जिहाद, लैंड जिहाद, एजुकेशन जिहाद और थूक जिहाद जैसे शब्दों का इस्तेमाल होता है उससे मुसलमानों को बहुत दुख होता है। मुसलमानों के धर्म का अपमान होता है। सरकार और मीडिया पर सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि सरकार और मीडिया जिम्मेदार पदों पर बैठे है फिर भी ये लोग ऐसे शब्दों का इस्तेमाल करते हैं। उन्हें ऐसा कहने में न कोई शर्म नहीं आती है। हमारे धर्म को ऐसा बोलकर दुख पहुंचाते हैं। इसी दौरान विवादित टिप्पणी करते हुए मौलाना महमूद मदनी ने कहा कि जब-जब जुल्म होगा, तब-तब जिहाद जरूर होगा।
बुलडोजर एक्शन पर भड़के Maulana
Maulana Mahmood Madani ने आगे कहा कि देश के मौजूदा हालात बहुत संवेदनशील और चिंताजनक हैं। दुख की बात है कि एक समुदाय को कानूनी तौर पर कमजोर, सामाजिक रूप से अलग-थलग और आर्थिक रूप से बेदखल किया जा रहा है। उनके धर्म, पहचान और वजूद को कमजोर करने के लिए मॉब लिंचिंग, बुलडोजर एक्शन, वक्फ प्रॉपर्टी पर कब्जा और धार्मिक मदरसों और सुधारों के खिलाफ निगेटिव कैंपेन जैसी कोशिशें हो रही हैं।
मुसलमान असुरक्षित: Maulana
Maulana Mahmood Madani ने कहा कि आज के समय में मुसलमान खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं। हर जगह उन्हें नफरत का सामना करना पड़ रहा है। इसके लिए अब हम लोग को तैयार होना पड़ेगा। घर वापसी के नाम पर किसी खास धर्म में शामिल करने वालों को खुली छूट हासिल है। उन पर कोई सवाल नहीं उठाया जाता है। न ही कानूनी कार्रवाई होती है। यह पूरी तरह से दोहरा रवैया है।
‘बाबरी मस्जिद और तलाक पर भड़के Maulana
Maulana Mahmood Madani ने सुप्रीम कोर्ट के हालिया फैसलों और उसकी कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि ‘बाबरी मस्जिद और तलाक जैसे मामलों में अदालतों पर सरकार का प्रभाव साफ दिखता था। कानून को नजरअंदाज करते हुए ज्ञानवापी और मथुरा विवादों की सुनवाई हुई। ‘सुप्रीम कोर्ट को तभी ‘सुप्रीम’ कहलाने का हकदार है जब वह संविधान की पाबंदी करे। अगर ऐसा नहीं होता है, तो सुप्रीम होने पर ही सवाल खड़ा होता है।
Lucknow Desk: बिहार के मोकामा से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ चुनाव प्रचार के दौरान हमला किया गया। इस घटना में जानी-मानी हस्ती दुलारचंद यादव की हत्या हो गई है और आरोप लगाया गया है कि इस घटना में पूर्व विधायक अनंत सिंह के समर्थकों की भूमिका है। यह घटना आगामी विधानसभा चुनाव के बीच हुई है, जिससे राज्य में कानून-व्यवस्था और चुनावी हिंसा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। अनंत सिंह समेत 5 नामजद मोकामा में दुलारचंद यादव की हत्या मामले में JDU प्रत्याशी बाहुबली अनंत सिंह समेत पांच लोगों पर केस दर्ज कर ली गई है। मृत दुलारचंद यादव के पोते के दिए गए बयान पर अनंत सिंह, दो भतीजों रणवीर सिंह, कर्मवीर सिंह, करीबी छोटन सिंह और कंजय सिंह पर नामजद और कई अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यानी दुलारचंद यादव के परिजनों और जन सुराज पार्टी के समर्थकों ने सीधे तौर पर JDU उम्मीदवार और बाहुबली नेता अनंत सिंह के समर्थकों पर हत्या का आरोप लगाया है। अनंत सिंह ने आरोपों को किया खारिज वहीं इस बयान पर JDU उम्मीदवार अनंत सिंह ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे RJD उम्मीदवार वीणा देवी के पति बाहुबली सूरजभान सिंह की साजिश बताया है। अनंत सिंह ने कहा कि उनके काफिले पर विरोधियों ने हमला किया और यह सारा खेल सूरजभान सिंह करवा रहे हैं। कौन थे दुलारचंद यादव ? मोकामा के रहने वाले दुलारचंद यादव को ‘टाल का बादशाह’ कहा जाता था। दुलारचंद पहलवानी के साथ-साथ गाना गाने के भी शौकीन थे। उन्होंने जन सुराज के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी के लिए एक गाना भी रिकॉर्ड करवाया था। माना जा रहा है कि मोकामा की चुनावी जंग अब व्यक्तिगत रंजिश और हिंसक टकराव की तरफ मुड़ गई है।
बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन एक बार फिर दादा होने का गर्व महसूस कर रहे हैं। दरअसल, उनके नाती अगस्त्य नंदा की अपकमिंग फिल्म ‘इक्कीस’ का ट्रेलर हाल ही में रिलीज़ हुआ है। ट्रेलर देखकर बिग बी इतने इमोशनल हो गए कि उन्होंने सोशल मीडिया पर एक दिल छू लेने वाला पोस्ट शेयर किया। अमिताभ ने अपने पोस्ट में लिखा, “ये तो बस शुरुआत है... गर्व है तुम्हारे इस सफर पर, मेरे बच्चे।” उनकी इस पोस्ट पर फैन्स और फिल्म इंडस्ट्री के सितारों ने जमकर प्यार लुटाया। ‘इक्कीस’ मेगास्टार मेघना गुलज़ार के निर्देशन में बनी है और इसमें अगस्त्य नंदा एक अहम किरदार निभा रहे हैं। फिल्म 1971 के युद्ध के हीरो अरुण खेत्रपाल की कहानी पर आधारित है, जो देश के सबसे युवा परमवीर चक्र विजेता थे। फिल्म के ट्रेलर में अगस्त्य का जोश और समर्पण देखकर फैन्स कह रहे हैं—“दादा की तरह नाती भी लाजवाब!” तो देखना दिलचस्प होगा कि क्या अगस्त्य अपनी पहली ही फिल्म से दादा अमिताभ की विरासत को आगे बढ़ा पाएंगे।
Lucknow Desk: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज बुधवार को भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान राफेल में उड़ान भरकर इतिहास रच दिया है। इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सुखोई-3 MKI लड़ाकू विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। राष्ट्रपति की इस उड़ान ने आज भारतीय वायुसेना के साथ-साथ पूरे देश को गौरव से भर दिया है। बता दें, भारत का राष्ट्रपति तीनों सेनाओं की कमांडर होता है और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर मौजूद हैं। अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज सुबह अंबाला एयरबेस पहुंचीं, जहां वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए. पी. सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। बता दें, राष्ट्रपति का यह उड़ान न केवल साहसिक नेतृत्व शैली का प्रतीक है, बल्कि भारत की बढ़ती रक्षा क्षमता और 'आत्मनिर्भर भारत' के संकल्प को वैश्विक पटल पर मजबूती से प्रदर्शित करना भी है। फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली दूसरी महिला राष्ट्रपति मुर्मू राष्ट्रपति मुर्मू ने फाइटर जेट की सवारी ये पहली बार नहीं की हैं। उन्होंने इससे पहले 8 अप्रैल 2023 को असम के तेजपुर एयरफोर्स स्टेशन से सुखोई-30 MKI फाइटर विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। वह फाइटर जेट उड़ाने वाली तीसरी राष्ट्रपति और दूसरी महिला राष्ट्राध्यक्ष बनी थीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने से पहले पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम और प्रतिभा पाटिल ने भी सुखोई-30 MKI में उड़ान भरी थी। राफेल लड़ाकू विमान का क्या है इतिहास? बता दें, राफेल लड़ाकू विमान फ्रांसीसी कंपनी दसॉ एविएशन द्वारा निर्मित किया गया है। सितंबर 2020 में अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना में औपचारिक रूप से शामिल किया गया था। अंबाला एयरबेस राफेल स्क्वाड्रन ‘गोल्डन एरोज' का मुख्य केंद्र है। इन विमानों का इस्तेमाल हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान किया गया था, इसके माध्यम से आतंकवादी ठिकानों पर हमले कर अपनी ताकत को सैनियों ने दिखाया था।
Lucknow Desk: कैसरगंज के बीजेपी नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के हेलीकॉप्टर को धान के खेत में अचानक उतारना पड़ा। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि तकनीकी खराबी आने के बाद पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतारा, जहां हेलीकॉप्टर देखने के लिए ग्रामीण भी जुट गए। मिली जानकारी के मुताबिक, बृजभूषण शरण सिंह एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। उड़ान के कुछ ही मिनट बाद हेलीकॉप्टर में तकनीकी दिक्कत आने लगी। स्थिति को समझते हुए पायलट ने तुरंत इमरजेंसी लैंडिंग का फैसला लिया और नज़दीकी धान के खेत में हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतार दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। हेलीकॉप्टर की जांच के लिए टेक्निकल टीम बुलाई गई है। फिलहाल राहत की बात यह है कि बृजभूषण शरण सिंह और हेलीकॉप्टर में मौजूद सभी लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं। जांच के बाद ही तकनीकी खराबी की असली वजह पता चल पाएगी। इसी बीच पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर संदेश दिया। उन्होंने कहा, आज मेरा बिहार प्रदेश के अंदर संदेश व दिनारा विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा का कार्यक्रम था। संदेश विधानसभा का कार्यक्रम करके मैं दिनारा विधानसभा के लिए हेलीकाप्टर से निकला था। अचानक मौसम खराब होने के कारण हेलीकाप्टर की सुरक्षित लैंडिंग एक खेत में करानी पड़ी। पायलट ने बड़ी सूझबूझ से लैंडिंग कराई। मैं, इस समय गाड़ी से पटना जा रहा हूं। किसी अफवाह में आने की जरूरत नहीं है। किसी प्रकार की कोई हानि नहीं हुई है। हम सभी पूर्णतया सुरक्षित हैं। हेलीकाप्टर की सुरक्षा का प्रबंध कर दिया गया है। प्रशासन व जनता का बहुत सहयोग रहा...धन्यवाद
Lucknow Desk: आज 02 नवंबर 2025 को बॉलीवुड के बादशाह Shahrukh Khan ने अपने 60वें जन्मदिन का जश्न मनाया। इस मौके पर उन्होंने अपने परिवार, करीबियों और फिल्म इंडस्ट्री के दोस्तों के साथ खुशियाँ बाँटी। उन्होंने अपने आलीशान घर के बजाय इस बार सार्वजनिक रूप से Mannat से बाहर नहीं दिखने का फैसला किया क्योंकि वहाँ फिलहाल निर्माण का काम चल रहा है। वहीँ, जश्न के लिए उन्होंने Alibaug में स्थित निजी स्थान चुना। एक विशेष फैन-मीट कार्यक्रम Balgandharva Rangmandir, बांद्रा में आयोजित किया गया था, जहाँ सीमित प्रवेश पास के माध्यम से प्रशंसक सीधे शामिल हुए। सोशल मीडिया पर सितारों ने बधाइयाँ दीं। जिसमें Farah Khan ने लिखा, “Happy birthday KING … rule for another 100 years”। बता दें कि Shahrukh Khan के जन्मदिन के मौके पर सिर्फ भारत भर से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी फैंस जुटे। शाहरुख खान के फैन क्लबों ने जन्मदिन सप्ताह के रूप में मनाया, चैरिटी ड्राइव, विशेष बैनर आदि के माध्यम से ख़ास अंदाज़ से जश्न मनाया।
मध्य प्रदेश (MP) के खरगोन जिले के मगरखेड़ी गांव में सोमवार को एक बड़ा हादसा हो गया। एक पुराने टैंकर की वेल्डिंग की जा रही थी। तभी अचानक जोरदार धमाका हो गया। धमाका इतना तेज था कि उसकी आवाज दूर-दूर तक सुनाई दी। आसपास के लोग डरकर अपने घरों से बाहर निकल आए। 500 मीटर दूर तक जा गिरे टैंकर के टुकड़े धमाका इतना शक्तिशाली था कि टैंकर के लोहे के बड़े-बड़े टुकड़े करीब 500 मीटर दूर तक जाकर गिरे। कुछ टुकड़े खेतों में मिले, जबकि कुछ घरों की छतों पर जा गिरे। लोगों ने बताया कि उन्होंने ऐसा धमाका पहले कभी नहीं देखा था। कई घरों को हुआ नुकसान ब्लास्ट के कारण आसपास के कई घरों की खिड़कियों के कांच टूट गए। कुछ घरों के दरवाजे भी क्षतिग्रस्त हो गए। पास में खड़े कुछ वाहनों को भी नुकसान पहुंचा। धमाके से पूरे इलाके में डर का माहौल बन गया। इस हादसे में वेल्डिंग का काम कर रहे एक व्यक्ति की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं दो अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। आसपास के लोगों ने तुरंत उन्हें अस्पताल पहुंचाया, जहां उनका इलाज चल रहा है। कैसे हुआ हादसा? शुरुआती जानकारी के अनुसार, टैंकर के अंदर गैस या ज्वलनशील पदार्थ के अवशेष मौजूद थे। वेल्डिंग के दौरान निकली चिंगारी से धमाका हो गया। हालांकि, सही कारण का पता लगाने के लिए जांच की जा रही है। पुलिस और प्रशासन मौके पर पहुंचा घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस, दमकल विभाग और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच गई। पूरे इलाके को सुरक्षित कर दिया गया और जांच शुरू कर दी गई। जांच के बाद होगी कार्रवाई प्रशासन का कहना है कि हादसे की पूरी जांच की जाएगी। यदि किसी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। साथ ही प्रभावित लोगों को हर संभव मदद देने का आश्वासन भी दिया गया है। खरगोन का यह हादसा बताता है कि वेल्डिंग जैसे काम करते समय सुरक्षा नियमों का पालन करना कितना जरूरी है। थोड़ी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। फिलहाल प्रशासन मामले की जांच कर रहा है और घायल लोगों का इलाज जारी है।
देश के कई राज्यों में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। महाराष्ट्र, गुजरात और मध्य प्रदेश सहित कई इलाकों में मूसलाधार बारिश के कारण सड़कें जलमग्न हो गई हैं मुंबई में सड़कों पर सैलाब, यातायात प्रभावित देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में लगातार हो रही बारिश के कारण कई निचले इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई। कई प्रमुख सड़कें पानी में डूब गईं, जिससे यातायात बुरी तरह प्रभावित हुआ। कार्यालय जाने वाले लोगों को लंबी जाम की समस्या का सामना करना पड़ा। कुछ इलाकों में लोकल ट्रेन सेवाएं भी प्रभावित हुईं, जबकि नगर निगम की टीमें जल निकासी के कार्य में लगातार लगी रहीं। गुजरात में नदियां उफान पर, कई गांवों का संपर्क टूटा गुजरात के कई जिलों में भारी बारिश के चलते नदियों का जलस्तर तेजी से बढ़ गया। कई ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कें पानी में डूब गईं, जिससे गांवों का संपर्क मुख्य मार्गों से कट गया। प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में रहने वाले लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने का अभियान शुरू किया है। मध्य प्रदेश में बाढ़ और लैंडस्लाइड से बढ़ी मुश्किलें मध्य प्रदेश के कई हिस्सों में लगातार बारिश के कारण बाढ़ जैसी स्थिति बन गई है। कई पुलों और सड़कों पर पानी भर जाने से आवाजाही रोकनी पड़ी। पहाड़ी क्षेत्रों में भूस्खलन की घटनाओं ने भी लोगों की चिंता बढ़ा दी है। प्रशासन ने लोगों से अनावश्यक यात्रा से बचने और नदी-नालों के पास न जाने की अपील की है। राहत और बचाव अभियान तेज राज्य सरकारों, जिला प्रशासन, पुलिस, अग्निशमन विभाग और आपदा प्रबंधन की टीमें लगातार राहत एवं बचाव कार्यों में जुटी हुई हैं। जहां जरूरत पड़ रही है, वहां नावों और अन्य संसाधनों की मदद से लोगों को सुरक्षित स्थानों तक पहुंचाया जा रहा है। कई जिलों में स्कूलों को एहतियातन बंद रखने का फैसला भी लिया गया है ताकि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके। मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट मौसम विभाग ने आने वाले दिनों में कई क्षेत्रों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश की संभावना जताई है। इसके मद्देनजर विभिन्न राज्यों में ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किए गए हैं। लोगों को मौसम विभाग की सलाह का पालन करने, अनावश्यक यात्रा से बचने और स्थानीय प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की अपील की गई है। लोगों ने प्रशासन से की सतर्क रहने की अपील प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे जलभराव वाले इलाकों में जाने से बचें, बिजली के खंभों और खुले तारों से दूर रहें तथा किसी भी आपात स्थिति में तुरंत हेल्पलाइन या स्थानीय प्रशासन से संपर्क करें। विशेषज्ञों का कहना है कि लगातार बारिश के चलते अगले कुछ दिनों तक सतर्कता बनाए रखना बेहद आवश्यक है। बारिश से प्रभावित राज्यों में हालात पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। राहत एवं बचाव कार्य जारी हैं और प्रशासन का प्रयास है कि प्रभावित लोगों को जल्द से जल्द सामान्य जीवन की ओर लौटने में सहायता मिल सके।
Lucknow Desk: अयोध्या-लखनऊ राष्ट्रीय राजमार्ग पर गुरुवार सुबह एक भीषण सड़क दुर्घटना ने लोगों को झकझोर कर रख दिया। तेज रफ्तार ट्रक और SUV के बीच हुई जोरदार टक्कर में तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। हादसा इतना भयावह था कि SUV पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और आसपास मौजूद लोग तुरंत मदद के लिए दौड़ पड़े। राहत और बचाव कार्य तुरंत शुरू घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, एम्बुलेंस और राहत-बचाव दल मौके पर पहुंच गया। दुर्घटनाग्रस्त वाहन में फंसे लोगों को स्थानीय लोगों और पुलिस की मदद से बाहर निकाला गया। सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के बाद नजदीकी अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार कुछ घायलों की स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है। दुर्घटना के कारणों की जांच जारी पुलिस की शुरुआती जांच में तेज रफ्तार और वाहन पर नियंत्रण खोना हादसे का संभावित कारण माना जा रहा है। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि दुर्घटना के सही कारणों का पता लगाने के लिए सभी पहलुओं की जांच की जा रही है। ट्रक चालक से पूछताछ की जा रही है और घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य भी एकत्र किए गए हैं। हाईवे पर लगा लंबा जाम हादसे के बाद अयोध्या-लखनऊ हाईवे पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। दुर्घटनाग्रस्त ट्रक और SUV सड़क के बीचोंबीच क्षतिग्रस्त अवस्था में खड़े होने के कारण यातायात प्रभावित हुआ। बाद में प्रशासन ने क्रेन की सहायता से दोनों वाहनों को हटवाया, जिसके बाद धीरे-धीरे यातायात सामान्य हो सका। मृतकों की पहचान और आगे की कार्रवाई पुलिस ने मृतकों के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। परिजनों को घटना की सूचना दे दी गई है और उनकी पहचान की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सड़क सुरक्षा को लेकर फिर उठे सवाल इस दुर्घटना ने एक बार फिर सड़क सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि राष्ट्रीय राजमार्गों पर तेज रफ्तार, लापरवाही और ट्रैफिक नियमों की अनदेखी लगातार जानलेवा साबित हो रही है। प्रशासन ने वाहन चालकों से अपील की है कि वे गति सीमा का पालन करें, सीट बेल्ट का उपयोग करें और लंबी दूरी की यात्रा के दौरान पूरी सावधानी बरतें। पुलिस का कहना है कि दुर्घटना की विस्तृत जांच जारी है और रिपोर्ट आने के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।