उत्तर प्रदेश में अक्टूबर के मध्य मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, राज्य के पश्चिमी हिस्सों में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश होने की संभावना है। इसके साथ ही कुछ इलाकों में गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं। हालांकि, पूरे प्रदेश में एक साथ बारिश होने की संभावना नहीं है। पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए मौसम का पूर्वानुमान अलग-अलग है।
पश्चिमी यूपी में बारिश की संभावना
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में 14 से 16 अक्टूबर के बीच छिटपुट बारिश की संभावना जताई गई है। मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और आसपास के क्षेत्रों में मौसम की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। बारिश की तीव्रता और समय अलग-अलग स्थानों पर अलग हो सकता है। ऐसे में लोगों को स्थानीय मौसम अपडेट के अनुसार अपनी गतिविधियों की योजना बनाने की सलाह दी जाती है।
15 अक्टूबर को तेज हवाओं का अनुमान
मौसम विभाग के 14 अक्टूबर के आधिकारिक उपमंडल-स्तरीय पूर्वानुमान के अनुसार, 15 अक्टूबर को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाओं जैसी मौसमी गतिविधियों की चेतावनी है।
पूर्वी यूपी में कैसा रहेगा मौसम?
पूर्वी उत्तर प्रदेश के लिए 14, 15 और 16 अक्टूबर को मौसम विभाग की ओर से कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है। इसका मतलब यह नहीं है कि हर जिले में मौसम बिल्कुल एक जैसा रहेगा, लेकिन फिलहाल पूर्वी हिस्से में पश्चिमी यूपी जैसी चेतावनी नहीं है। लखनऊ सहित आसपास के जिलों के निवासियों को अपने जिले का ताजा पूर्वानुमान देखना चाहिए।
किसानों को सावधानी बरतने की जरूरत
बारिश और तेज हवाओं की संभावना को देखते हुए किसानों को कृषि कार्यों की योजना मौसम के अनुसार बनाने की जरूरत है। खेतों में कटी हुई फसल रखी हो तो उसे सुरक्षित स्थान पर रखने या ढकने की व्यवस्था की जा सकती है। तेज हवा के दौरान छोटे पौधों और बागवानी फसलों को नुकसान से बचाने के लिए आवश्यक इंतजाम करना उपयोगी रहेगा।
आम लोगों के लिए जरूरी सलाह
गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों में रहने से बचें। बिजली चमकने पर पेड़ों के नीचे शरण न लें और मौसम खराब होने पर अनावश्यक यात्रा से बचें। दोपहिया वाहन चलाने वाले लोगों को भी तेज हवा और बारिश के दौरान विशेष सावधानी बरतनी चाहिए।
मौसम विभाग के अपडेट पर रखें नजर
मौसम का पूर्वानुमान समय के साथ बदल सकता है। इसलिए बारिश या तेज हवाओं को लेकर किसी एक सामान्य खबर पर निर्भर रहने के बजाय भारतीय मौसम विज्ञान विभाग की जिला-स्तरीय चेतावनियां देखना जरूरी है।
प्रदेश में 14 से 16 अक्टूबर के दौरान मौसम का असर मुख्य रूप से पश्चिमी हिस्सों में देखने को मिल सकता है। 15 अक्टूबर को गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है, जबकि पूर्वी यूपी के लिए फिलहाल कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
Lucknow Desk: बिहार के मोकामा से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ चुनाव प्रचार के दौरान हमला किया गया। इस घटना में जानी-मानी हस्ती दुलारचंद यादव की हत्या हो गई है और आरोप लगाया गया है कि इस घटना में पूर्व विधायक अनंत सिंह के समर्थकों की भूमिका है। यह घटना आगामी विधानसभा चुनाव के बीच हुई है, जिससे राज्य में कानून-व्यवस्था और चुनावी हिंसा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। अनंत सिंह समेत 5 नामजद मोकामा में दुलारचंद यादव की हत्या मामले में JDU प्रत्याशी बाहुबली अनंत सिंह समेत पांच लोगों पर केस दर्ज कर ली गई है। मृत दुलारचंद यादव के पोते के दिए गए बयान पर अनंत सिंह, दो भतीजों रणवीर सिंह, कर्मवीर सिंह, करीबी छोटन सिंह और कंजय सिंह पर नामजद और कई अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यानी दुलारचंद यादव के परिजनों और जन सुराज पार्टी के समर्थकों ने सीधे तौर पर JDU उम्मीदवार और बाहुबली नेता अनंत सिंह के समर्थकों पर हत्या का आरोप लगाया है। अनंत सिंह ने आरोपों को किया खारिज वहीं इस बयान पर JDU उम्मीदवार अनंत सिंह ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे RJD उम्मीदवार वीणा देवी के पति बाहुबली सूरजभान सिंह की साजिश बताया है। अनंत सिंह ने कहा कि उनके काफिले पर विरोधियों ने हमला किया और यह सारा खेल सूरजभान सिंह करवा रहे हैं। कौन थे दुलारचंद यादव ? मोकामा के रहने वाले दुलारचंद यादव को ‘टाल का बादशाह’ कहा जाता था। दुलारचंद पहलवानी के साथ-साथ गाना गाने के भी शौकीन थे। उन्होंने जन सुराज के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी के लिए एक गाना भी रिकॉर्ड करवाया था। माना जा रहा है कि मोकामा की चुनावी जंग अब व्यक्तिगत रंजिश और हिंसक टकराव की तरफ मुड़ गई है।
बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन एक बार फिर दादा होने का गर्व महसूस कर रहे हैं। दरअसल, उनके नाती अगस्त्य नंदा की अपकमिंग फिल्म ‘इक्कीस’ का ट्रेलर हाल ही में रिलीज़ हुआ है। ट्रेलर देखकर बिग बी इतने इमोशनल हो गए कि उन्होंने सोशल मीडिया पर एक दिल छू लेने वाला पोस्ट शेयर किया। अमिताभ ने अपने पोस्ट में लिखा, “ये तो बस शुरुआत है... गर्व है तुम्हारे इस सफर पर, मेरे बच्चे।” उनकी इस पोस्ट पर फैन्स और फिल्म इंडस्ट्री के सितारों ने जमकर प्यार लुटाया। ‘इक्कीस’ मेगास्टार मेघना गुलज़ार के निर्देशन में बनी है और इसमें अगस्त्य नंदा एक अहम किरदार निभा रहे हैं। फिल्म 1971 के युद्ध के हीरो अरुण खेत्रपाल की कहानी पर आधारित है, जो देश के सबसे युवा परमवीर चक्र विजेता थे। फिल्म के ट्रेलर में अगस्त्य का जोश और समर्पण देखकर फैन्स कह रहे हैं—“दादा की तरह नाती भी लाजवाब!” तो देखना दिलचस्प होगा कि क्या अगस्त्य अपनी पहली ही फिल्म से दादा अमिताभ की विरासत को आगे बढ़ा पाएंगे।
Lucknow Desk: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज बुधवार को भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान राफेल में उड़ान भरकर इतिहास रच दिया है। इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सुखोई-3 MKI लड़ाकू विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। राष्ट्रपति की इस उड़ान ने आज भारतीय वायुसेना के साथ-साथ पूरे देश को गौरव से भर दिया है। बता दें, भारत का राष्ट्रपति तीनों सेनाओं की कमांडर होता है और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर मौजूद हैं। अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज सुबह अंबाला एयरबेस पहुंचीं, जहां वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए. पी. सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। बता दें, राष्ट्रपति का यह उड़ान न केवल साहसिक नेतृत्व शैली का प्रतीक है, बल्कि भारत की बढ़ती रक्षा क्षमता और 'आत्मनिर्भर भारत' के संकल्प को वैश्विक पटल पर मजबूती से प्रदर्शित करना भी है। फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली दूसरी महिला राष्ट्रपति मुर्मू राष्ट्रपति मुर्मू ने फाइटर जेट की सवारी ये पहली बार नहीं की हैं। उन्होंने इससे पहले 8 अप्रैल 2023 को असम के तेजपुर एयरफोर्स स्टेशन से सुखोई-30 MKI फाइटर विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। वह फाइटर जेट उड़ाने वाली तीसरी राष्ट्रपति और दूसरी महिला राष्ट्राध्यक्ष बनी थीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने से पहले पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम और प्रतिभा पाटिल ने भी सुखोई-30 MKI में उड़ान भरी थी। राफेल लड़ाकू विमान का क्या है इतिहास? बता दें, राफेल लड़ाकू विमान फ्रांसीसी कंपनी दसॉ एविएशन द्वारा निर्मित किया गया है। सितंबर 2020 में अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना में औपचारिक रूप से शामिल किया गया था। अंबाला एयरबेस राफेल स्क्वाड्रन ‘गोल्डन एरोज' का मुख्य केंद्र है। इन विमानों का इस्तेमाल हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान किया गया था, इसके माध्यम से आतंकवादी ठिकानों पर हमले कर अपनी ताकत को सैनियों ने दिखाया था।
Lucknow Desk: कैसरगंज के बीजेपी नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के हेलीकॉप्टर को धान के खेत में अचानक उतारना पड़ा। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि तकनीकी खराबी आने के बाद पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतारा, जहां हेलीकॉप्टर देखने के लिए ग्रामीण भी जुट गए। मिली जानकारी के मुताबिक, बृजभूषण शरण सिंह एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। उड़ान के कुछ ही मिनट बाद हेलीकॉप्टर में तकनीकी दिक्कत आने लगी। स्थिति को समझते हुए पायलट ने तुरंत इमरजेंसी लैंडिंग का फैसला लिया और नज़दीकी धान के खेत में हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतार दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। हेलीकॉप्टर की जांच के लिए टेक्निकल टीम बुलाई गई है। फिलहाल राहत की बात यह है कि बृजभूषण शरण सिंह और हेलीकॉप्टर में मौजूद सभी लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं। जांच के बाद ही तकनीकी खराबी की असली वजह पता चल पाएगी। इसी बीच पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर संदेश दिया। उन्होंने कहा, आज मेरा बिहार प्रदेश के अंदर संदेश व दिनारा विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा का कार्यक्रम था। संदेश विधानसभा का कार्यक्रम करके मैं दिनारा विधानसभा के लिए हेलीकाप्टर से निकला था। अचानक मौसम खराब होने के कारण हेलीकाप्टर की सुरक्षित लैंडिंग एक खेत में करानी पड़ी। पायलट ने बड़ी सूझबूझ से लैंडिंग कराई। मैं, इस समय गाड़ी से पटना जा रहा हूं। किसी अफवाह में आने की जरूरत नहीं है। किसी प्रकार की कोई हानि नहीं हुई है। हम सभी पूर्णतया सुरक्षित हैं। हेलीकाप्टर की सुरक्षा का प्रबंध कर दिया गया है। प्रशासन व जनता का बहुत सहयोग रहा...धन्यवाद
Lucknow Desk: आज 02 नवंबर 2025 को बॉलीवुड के बादशाह Shahrukh Khan ने अपने 60वें जन्मदिन का जश्न मनाया। इस मौके पर उन्होंने अपने परिवार, करीबियों और फिल्म इंडस्ट्री के दोस्तों के साथ खुशियाँ बाँटी। उन्होंने अपने आलीशान घर के बजाय इस बार सार्वजनिक रूप से Mannat से बाहर नहीं दिखने का फैसला किया क्योंकि वहाँ फिलहाल निर्माण का काम चल रहा है। वहीँ, जश्न के लिए उन्होंने Alibaug में स्थित निजी स्थान चुना। एक विशेष फैन-मीट कार्यक्रम Balgandharva Rangmandir, बांद्रा में आयोजित किया गया था, जहाँ सीमित प्रवेश पास के माध्यम से प्रशंसक सीधे शामिल हुए। सोशल मीडिया पर सितारों ने बधाइयाँ दीं। जिसमें Farah Khan ने लिखा, “Happy birthday KING … rule for another 100 years”। बता दें कि Shahrukh Khan के जन्मदिन के मौके पर सिर्फ भारत भर से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी फैंस जुटे। शाहरुख खान के फैन क्लबों ने जन्मदिन सप्ताह के रूप में मनाया, चैरिटी ड्राइव, विशेष बैनर आदि के माध्यम से ख़ास अंदाज़ से जश्न मनाया।
उत्तर प्रदेश में अक्टूबर के मध्य मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार, राज्य के पश्चिमी हिस्सों में कुछ स्थानों पर हल्की बारिश होने की संभावना है। इसके साथ ही कुछ इलाकों में गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं। हालांकि, पूरे प्रदेश में एक साथ बारिश होने की संभावना नहीं है। पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए मौसम का पूर्वानुमान अलग-अलग है। पश्चिमी यूपी में बारिश की संभावना पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में 14 से 16 अक्टूबर के बीच छिटपुट बारिश की संभावना जताई गई है। मेरठ, सहारनपुर, मुजफ्फरनगर और आसपास के क्षेत्रों में मौसम की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। बारिश की तीव्रता और समय अलग-अलग स्थानों पर अलग हो सकता है। ऐसे में लोगों को स्थानीय मौसम अपडेट के अनुसार अपनी गतिविधियों की योजना बनाने की सलाह दी जाती है। 15 अक्टूबर को तेज हवाओं का अनुमान मौसम विभाग के 14 अक्टूबर के आधिकारिक उपमंडल-स्तरीय पूर्वानुमान के अनुसार, 15 अक्टूबर को पश्चिमी उत्तर प्रदेश में गरज-चमक, बिजली गिरने और तेज हवाओं जैसी मौसमी गतिविधियों की चेतावनी है। पूर्वी यूपी में कैसा रहेगा मौसम? पूर्वी उत्तर प्रदेश के लिए 14, 15 और 16 अक्टूबर को मौसम विभाग की ओर से कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है। इसका मतलब यह नहीं है कि हर जिले में मौसम बिल्कुल एक जैसा रहेगा, लेकिन फिलहाल पूर्वी हिस्से में पश्चिमी यूपी जैसी चेतावनी नहीं है। लखनऊ सहित आसपास के जिलों के निवासियों को अपने जिले का ताजा पूर्वानुमान देखना चाहिए। किसानों को सावधानी बरतने की जरूरत बारिश और तेज हवाओं की संभावना को देखते हुए किसानों को कृषि कार्यों की योजना मौसम के अनुसार बनाने की जरूरत है। खेतों में कटी हुई फसल रखी हो तो उसे सुरक्षित स्थान पर रखने या ढकने की व्यवस्था की जा सकती है। तेज हवा के दौरान छोटे पौधों और बागवानी फसलों को नुकसान से बचाने के लिए आवश्यक इंतजाम करना उपयोगी रहेगा। आम लोगों के लिए जरूरी सलाह गरज-चमक के दौरान खुले स्थानों में रहने से बचें। बिजली चमकने पर पेड़ों के नीचे शरण न लें और मौसम खराब होने पर अनावश्यक यात्रा से बचें। दोपहिया वाहन चलाने वाले लोगों को भी तेज हवा और बारिश के दौरान विशेष सावधानी बरतनी चाहिए। मौसम विभाग के अपडेट पर रखें नजर मौसम का पूर्वानुमान समय के साथ बदल सकता है। इसलिए बारिश या तेज हवाओं को लेकर किसी एक सामान्य खबर पर निर्भर रहने के बजाय भारतीय मौसम विज्ञान विभाग की जिला-स्तरीय चेतावनियां देखना जरूरी है। प्रदेश में 14 से 16 अक्टूबर के दौरान मौसम का असर मुख्य रूप से पश्चिमी हिस्सों में देखने को मिल सकता है। 15 अक्टूबर को गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है, जबकि पूर्वी यूपी के लिए फिलहाल कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है।
देश के कई हिस्सों में मौसम एक बार फिर करवट ले रहा है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 7 अक्टूबर को उत्तर भारत के कई क्षेत्रों में गरज-चमक, बिजली और तेज हवाओं के साथ बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं। उत्तर प्रदेश के पूर्वी और पश्चिमी दोनों हिस्सों के लिए 7 और 8 अक्टूबर को मौसम संबंधी चेतावनी जारी की गई है। उत्तर प्रदेश में दो दिन मौसम रहेगा बदला उत्तर प्रदेश में आज मौसम सामान्य से अलग रह सकता है। IMD के अनुसार पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में 7 अक्टूबर को गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है। यही स्थिति 8 अक्टूबर को भी बनी रह सकती है। हालांकि 9 अक्टूबर से प्रदेश के लिए इस तरह की कोई विशेष चेतावनी नहीं है। बारिश और तेज हवा के दौरान लोगों को खुले स्थानों पर जाने से बचने और बिजली चमकने के समय विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। दिल्ली-NCR में भी मौसम में बदलाव दिल्ली और आसपास के इलाकों में आज आंशिक रूप से बादल छाए रहने की संभावना है। इसके साथ ही कुछ स्थानों पर गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं। IMD ने दिल्ली, हरियाणा और चंडीगढ़ के लिए भी 7 और 8 अक्टूबर को आंधी-तूफान तथा बिजली से जुड़ी चेतावनी जारी की है। पहाड़ी इलाकों में बारिश की संभावना हिमाचल प्रदेश, जम्मू-कश्मीर, लद्दाख और उत्तराखंड में भी मौसम सक्रिय रहने का अनुमान है। इन क्षेत्रों में बारिश के साथ तेज हवाएं और गरज-चमक की स्थिति बन सकती है। ऊंचाई वाले इलाकों में मौसम में बदलाव का असर अधिक महसूस हो सकता है। बिहार समेत कई राज्यों पर असर बिहार, पंजाब और देश के कुछ अन्य हिस्सों में भी गरज-चमक और बारिश की गतिविधियां होने की संभावना है। वहीं दक्षिण और पूर्वी भारत के कुछ क्षेत्रों में भी मौसम सक्रिय रहने का अनुमान है। 9 अक्टूबर के बाद राहत की उम्मीद मौसम विभाग के अनुसार उत्तर प्रदेश में 9 अक्टूबर से फिलहाल कोई विशेष चेतावनी नहीं है। इसका मतलब है कि 7 और 8 अक्टूबर के मुकाबले मौसम की स्थिति कुछ सामान्य हो सकती है। हालांकि स्थानीय स्तर पर बारिश और बादलों की स्थिति अलग-अलग हो सकती है। मौसम विभाग के अलर्ट को देखते हुए लोगों को अगले दो दिनों में मौसम की स्थिति पर नजर रखने की सलाह दी गई है। खासकर बारिश और तेज हवाओं के दौरान यात्रा करने वाले लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए।
उत्तर प्रदेश में लगातार हो रही भारी बारिश और मौसम विभाग की चेतावनी के बीच कई जिलों में स्कूल बंद रखने का फैसला लिया गया है। बारिश के कारण कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बनी हुई है। विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन ने अलग-अलग जिलों में स्कूलों के संचालन को लेकर आदेश जारी किए हैं। प्रयागराज में प्री-प्राइमरी से कक्षा 8 तक छुट्टी प्रयागराज में लगातार बारिश और जलभराव को देखते हुए 26 सितंबर 2026 को प्री-प्राइमरी से लेकर कक्षा 8 तक के सभी स्कूल बंद रखने का आदेश दिया गया है। यह आदेश बेसिक शिक्षा परिषद के साथ-साथ मान्यता प्राप्त, सहायता प्राप्त, CBSE, ICSE और अन्य बोर्ड के स्कूलों पर भी लागू है। जिला प्रशासन ने यह निर्णय मौसम विभाग के रेड अलर्ट और बच्चों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया है। कई जिलों में स्कूलों पर असर भारी बारिश के चलते सिर्फ प्रयागराज ही नहीं, बल्कि प्रदेश के कई अन्य जिलों में भी स्कूल बंद रखने के आदेश जारी किए गए हैं। रिपोर्टों के अनुसार हमीरपुर, बांदा, मऊ, सोनभद्र, चित्रकूट, कन्नौज, इटावा, मिर्जापुर, बहराइच, पीलीभीत और शाहजहांपुर समेत कई जिलों में कक्षा 8 तक के स्कूलों में 26 सितंबर को अवकाश घोषित किया गया है। कुछ जिलों में कक्षा 12 तक के स्कूल भी बंद रखे गए हैं। बारिश के साथ तेज हवाओं की चेतावनी मौसम विभाग ने उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना जताई है। कुछ स्थानों पर तेज हवाओं की रफ्तार 60 से 80 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंचने की संभावना बताई गई है। ऐसे मौसम में जलभराव और अन्य मौसम संबंधी परेशानियों को देखते हुए प्रशासन ने सतर्कता बढ़ाई है। स्कूल खुलने पर क्या है अपडेट प्रयागराज में जारी आदेश के अनुसार स्कूल 28 सितंबर को खुलने की उम्मीद है। हालांकि, यदि बारिश का दौर जारी रहता है तो स्थानीय प्रशासन आगे भी अवकाश या ऑनलाइन कक्षाओं के संबंध में निर्णय ले सकता है। इसलिए विद्यार्थियों और अभिभावकों को अपने स्कूल की ओर से जारी होने वाले ताजा निर्देशों पर ध्यान रखने की सलाह दी गई है। सुरक्षा को देखते हुए लिया गया फैसला लगातार बारिश के कारण सड़कों पर जलभराव और आवागमन में परेशानी की स्थिति बन सकती है। ऐसे में छोटे बच्चों को स्कूल आने-जाने में होने वाली संभावित परेशानी को देखते हुए प्रशासन ने छुट्टी का निर्णय लिया है। जिला अधिकारियों ने मौसम की स्थिति पर नजर बनाए रखने और जरूरत के अनुसार आगे निर्णय लेने की व्यवस्था की है।