उत्तर प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। प्रदेश के करीब 54 शहरों और आसपास के इलाकों में बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। शुक्रवार, 24 जुलाई 2026 को पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाए रहने के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक, तेज हवा और बिजली गिरने का खतरा भी बना रह सकता है।
गर्मी और उमस से मिल सकती है राहत
पिछले कुछ दिनों से प्रदेश के कई जिलों में तेज धूप और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा रखी है। तापमान बहुत अधिक न होने के बावजूद नमी बढ़ने के कारण गर्मी ज्यादा महसूस हो रही है। बारिश होने से लोगों को इस उमस भरे मौसम से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।
लखनऊ, गोरखपुर, वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर, अयोध्या, बस्ती और आसपास के क्षेत्रों में दिन के दौरान बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है। कई स्थानों पर थोड़े समय के लिए तेज बारिश भी देखने को मिल सकती है।
27 जुलाई से मजबूत हो सकता है मानसून
मौसम से जुड़ी रिपोर्ट के अनुसार, 27 जुलाई के बाद उत्तर प्रदेश में मानसून की गतिविधियां और मजबूत हो सकती हैं। इसके चलते बारिश का दायरा बढ़ने के साथ इसकी तीव्रता में भी बढ़ोतरी हो सकती है। कुछ जिलों में लगातार बारिश या भारी बौछारों की स्थिति बन सकती है।
मानसून के दोबारा सक्रिय होने से खरीफ फसलों की खेती कर रहे किसानों को फायदा हो सकता है। खासकर धान की रोपाई वाले क्षेत्रों में बारिश उपयोगी साबित होगी। हालांकि, जिन खेतों में पहले से पानी भरा है, वहां अधिक बारिश फसलों को नुकसान पहुंचा सकती है।
शहरों में जलभराव का खतरा
तेज बारिश के दौरान प्रदेश के बड़े शहरों में जलभराव की समस्या पैदा हो सकती है। निचले इलाकों, खराब नालियों और कमजोर जल निकासी व्यवस्था वाले क्षेत्रों में सड़कों पर पानी जमा होने की आशंका है। इससे यातायात धीमा हो सकता है और लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी उठानी पड़ सकती है।
बारिश के समय दोपहिया वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। सड़कों पर जमा पानी के नीचे गड्ढे दिखाई नहीं देते, जिससे दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है।
बिजली गिरने से बचाव जरूरी
मौसम खराब होने और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, ऊंचे पेड़, बिजली के खंभे और टीन की छत के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों में काम कर रहे लोगों को गरज सुनाई देने पर तुरंत सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहिए।
लोगों को नदी, नाले और पानी से भरे रास्तों को पार करने से भी बचना चाहिए। स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ओर से जारी ताजा जानकारी पर लगातार नजर रखना जरूरी है।
आने वाले दिनों में बदलता रहेगा मौसम
उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक मौसम पूरी तरह स्थिर रहने की संभावना कम है। कभी धूप, कभी बादल और अचानक बारिश का दौर जारी रह सकता है। 27 जुलाई के बाद मानसून मजबूत होने पर कई जिलों में अच्छी बारिश देखने को मिल सकती है। ऐसे में लोगों को यात्रा और दैनिक कार्यों की योजना मौसम की स्थिति देखकर बनानी चाहिए।
Lucknow Desk: बिहार के मोकामा से एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ चुनाव प्रचार के दौरान हमला किया गया। इस घटना में जानी-मानी हस्ती दुलारचंद यादव की हत्या हो गई है और आरोप लगाया गया है कि इस घटना में पूर्व विधायक अनंत सिंह के समर्थकों की भूमिका है। यह घटना आगामी विधानसभा चुनाव के बीच हुई है, जिससे राज्य में कानून-व्यवस्था और चुनावी हिंसा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। अनंत सिंह समेत 5 नामजद मोकामा में दुलारचंद यादव की हत्या मामले में JDU प्रत्याशी बाहुबली अनंत सिंह समेत पांच लोगों पर केस दर्ज कर ली गई है। मृत दुलारचंद यादव के पोते के दिए गए बयान पर अनंत सिंह, दो भतीजों रणवीर सिंह, कर्मवीर सिंह, करीबी छोटन सिंह और कंजय सिंह पर नामजद और कई अज्ञात के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया है। यानी दुलारचंद यादव के परिजनों और जन सुराज पार्टी के समर्थकों ने सीधे तौर पर JDU उम्मीदवार और बाहुबली नेता अनंत सिंह के समर्थकों पर हत्या का आरोप लगाया है। अनंत सिंह ने आरोपों को किया खारिज वहीं इस बयान पर JDU उम्मीदवार अनंत सिंह ने इन आरोपों को खारिज करते हुए इसे RJD उम्मीदवार वीणा देवी के पति बाहुबली सूरजभान सिंह की साजिश बताया है। अनंत सिंह ने कहा कि उनके काफिले पर विरोधियों ने हमला किया और यह सारा खेल सूरजभान सिंह करवा रहे हैं। कौन थे दुलारचंद यादव ? मोकामा के रहने वाले दुलारचंद यादव को ‘टाल का बादशाह’ कहा जाता था। दुलारचंद पहलवानी के साथ-साथ गाना गाने के भी शौकीन थे। उन्होंने जन सुराज के उम्मीदवार पीयूष प्रियदर्शी के लिए एक गाना भी रिकॉर्ड करवाया था। माना जा रहा है कि मोकामा की चुनावी जंग अब व्यक्तिगत रंजिश और हिंसक टकराव की तरफ मुड़ गई है।
बॉलीवुड के शहंशाह अमिताभ बच्चन एक बार फिर दादा होने का गर्व महसूस कर रहे हैं। दरअसल, उनके नाती अगस्त्य नंदा की अपकमिंग फिल्म ‘इक्कीस’ का ट्रेलर हाल ही में रिलीज़ हुआ है। ट्रेलर देखकर बिग बी इतने इमोशनल हो गए कि उन्होंने सोशल मीडिया पर एक दिल छू लेने वाला पोस्ट शेयर किया। अमिताभ ने अपने पोस्ट में लिखा, “ये तो बस शुरुआत है... गर्व है तुम्हारे इस सफर पर, मेरे बच्चे।” उनकी इस पोस्ट पर फैन्स और फिल्म इंडस्ट्री के सितारों ने जमकर प्यार लुटाया। ‘इक्कीस’ मेगास्टार मेघना गुलज़ार के निर्देशन में बनी है और इसमें अगस्त्य नंदा एक अहम किरदार निभा रहे हैं। फिल्म 1971 के युद्ध के हीरो अरुण खेत्रपाल की कहानी पर आधारित है, जो देश के सबसे युवा परमवीर चक्र विजेता थे। फिल्म के ट्रेलर में अगस्त्य का जोश और समर्पण देखकर फैन्स कह रहे हैं—“दादा की तरह नाती भी लाजवाब!” तो देखना दिलचस्प होगा कि क्या अगस्त्य अपनी पहली ही फिल्म से दादा अमिताभ की विरासत को आगे बढ़ा पाएंगे।
Lucknow Desk: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज बुधवार को भारतीय वायुसेना के लड़ाकू विमान राफेल में उड़ान भरकर इतिहास रच दिया है। इससे पहले राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू सुखोई-3 MKI लड़ाकू विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। राष्ट्रपति की इस उड़ान ने आज भारतीय वायुसेना के साथ-साथ पूरे देश को गौरव से भर दिया है। बता दें, भारत का राष्ट्रपति तीनों सेनाओं की कमांडर होता है और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू देश के सर्वोच्च संवैधानिक पद पर मौजूद हैं। अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पहुंचीं राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आज सुबह अंबाला एयरबेस पहुंचीं, जहां वायुसेना प्रमुख एयर चीफ मार्शल ए. पी. सिंह और वरिष्ठ अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। बता दें, राष्ट्रपति का यह उड़ान न केवल साहसिक नेतृत्व शैली का प्रतीक है, बल्कि भारत की बढ़ती रक्षा क्षमता और 'आत्मनिर्भर भारत' के संकल्प को वैश्विक पटल पर मजबूती से प्रदर्शित करना भी है। फाइटर जेट में उड़ान भरने वाली दूसरी महिला राष्ट्रपति मुर्मू राष्ट्रपति मुर्मू ने फाइटर जेट की सवारी ये पहली बार नहीं की हैं। उन्होंने इससे पहले 8 अप्रैल 2023 को असम के तेजपुर एयरफोर्स स्टेशन से सुखोई-30 MKI फाइटर विमान में भी उड़ान भर चुकी हैं। वह फाइटर जेट उड़ाने वाली तीसरी राष्ट्रपति और दूसरी महिला राष्ट्राध्यक्ष बनी थीं। राष्ट्रपति मुर्मू ने से पहले पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम और प्रतिभा पाटिल ने भी सुखोई-30 MKI में उड़ान भरी थी। राफेल लड़ाकू विमान का क्या है इतिहास? बता दें, राफेल लड़ाकू विमान फ्रांसीसी कंपनी दसॉ एविएशन द्वारा निर्मित किया गया है। सितंबर 2020 में अंबाला एयरफोर्स स्टेशन पर भारतीय वायुसेना में औपचारिक रूप से शामिल किया गया था। अंबाला एयरबेस राफेल स्क्वाड्रन ‘गोल्डन एरोज' का मुख्य केंद्र है। इन विमानों का इस्तेमाल हाल ही में ‘ऑपरेशन सिंदूर' के दौरान किया गया था, इसके माध्यम से आतंकवादी ठिकानों पर हमले कर अपनी ताकत को सैनियों ने दिखाया था।
Lucknow Desk: कैसरगंज के बीजेपी नेता और पूर्व सांसद बृजभूषण शरण सिंह के हेलीकॉप्टर को धान के खेत में अचानक उतारना पड़ा। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि तकनीकी खराबी आने के बाद पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतारा, जहां हेलीकॉप्टर देखने के लिए ग्रामीण भी जुट गए। मिली जानकारी के मुताबिक, बृजभूषण शरण सिंह एक कार्यक्रम में शामिल होने जा रहे थे। उड़ान के कुछ ही मिनट बाद हेलीकॉप्टर में तकनीकी दिक्कत आने लगी। स्थिति को समझते हुए पायलट ने तुरंत इमरजेंसी लैंडिंग का फैसला लिया और नज़दीकी धान के खेत में हेलीकॉप्टर को सुरक्षित उतार दिया। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी भी मौके पर पहुंच गए। हेलीकॉप्टर की जांच के लिए टेक्निकल टीम बुलाई गई है। फिलहाल राहत की बात यह है कि बृजभूषण शरण सिंह और हेलीकॉप्टर में मौजूद सभी लोग पूरी तरह सुरक्षित हैं। जांच के बाद ही तकनीकी खराबी की असली वजह पता चल पाएगी। इसी बीच पूर्व सांसद बृजभूषण सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो जारी कर संदेश दिया। उन्होंने कहा, आज मेरा बिहार प्रदेश के अंदर संदेश व दिनारा विधानसभा क्षेत्र में चुनावी सभा का कार्यक्रम था। संदेश विधानसभा का कार्यक्रम करके मैं दिनारा विधानसभा के लिए हेलीकाप्टर से निकला था। अचानक मौसम खराब होने के कारण हेलीकाप्टर की सुरक्षित लैंडिंग एक खेत में करानी पड़ी। पायलट ने बड़ी सूझबूझ से लैंडिंग कराई। मैं, इस समय गाड़ी से पटना जा रहा हूं। किसी अफवाह में आने की जरूरत नहीं है। किसी प्रकार की कोई हानि नहीं हुई है। हम सभी पूर्णतया सुरक्षित हैं। हेलीकाप्टर की सुरक्षा का प्रबंध कर दिया गया है। प्रशासन व जनता का बहुत सहयोग रहा...धन्यवाद
Lucknow Desk: आज 02 नवंबर 2025 को बॉलीवुड के बादशाह Shahrukh Khan ने अपने 60वें जन्मदिन का जश्न मनाया। इस मौके पर उन्होंने अपने परिवार, करीबियों और फिल्म इंडस्ट्री के दोस्तों के साथ खुशियाँ बाँटी। उन्होंने अपने आलीशान घर के बजाय इस बार सार्वजनिक रूप से Mannat से बाहर नहीं दिखने का फैसला किया क्योंकि वहाँ फिलहाल निर्माण का काम चल रहा है। वहीँ, जश्न के लिए उन्होंने Alibaug में स्थित निजी स्थान चुना। एक विशेष फैन-मीट कार्यक्रम Balgandharva Rangmandir, बांद्रा में आयोजित किया गया था, जहाँ सीमित प्रवेश पास के माध्यम से प्रशंसक सीधे शामिल हुए। सोशल मीडिया पर सितारों ने बधाइयाँ दीं। जिसमें Farah Khan ने लिखा, “Happy birthday KING … rule for another 100 years”। बता दें कि Shahrukh Khan के जन्मदिन के मौके पर सिर्फ भारत भर से ही नहीं बल्कि विदेशों से भी फैंस जुटे। शाहरुख खान के फैन क्लबों ने जन्मदिन सप्ताह के रूप में मनाया, चैरिटी ड्राइव, विशेष बैनर आदि के माध्यम से ख़ास अंदाज़ से जश्न मनाया।
उत्तर प्रदेश में मौसम एक बार फिर करवट लेने वाला है। प्रदेश के करीब 54 शहरों और आसपास के इलाकों में बारिश को लेकर अलर्ट जारी किया गया है। शुक्रवार, 24 जुलाई 2026 को पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में बादल छाए रहने के साथ हल्की से मध्यम बारिश होने की संभावना है। कुछ स्थानों पर गरज-चमक, तेज हवा और बिजली गिरने का खतरा भी बना रह सकता है। गर्मी और उमस से मिल सकती है राहत पिछले कुछ दिनों से प्रदेश के कई जिलों में तेज धूप और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा रखी है। तापमान बहुत अधिक न होने के बावजूद नमी बढ़ने के कारण गर्मी ज्यादा महसूस हो रही है। बारिश होने से लोगों को इस उमस भरे मौसम से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है। लखनऊ, गोरखपुर, वाराणसी, प्रयागराज, कानपुर, अयोध्या, बस्ती और आसपास के क्षेत्रों में दिन के दौरान बादलों की आवाजाही बनी रह सकती है। कई स्थानों पर थोड़े समय के लिए तेज बारिश भी देखने को मिल सकती है। 27 जुलाई से मजबूत हो सकता है मानसून मौसम से जुड़ी रिपोर्ट के अनुसार, 27 जुलाई के बाद उत्तर प्रदेश में मानसून की गतिविधियां और मजबूत हो सकती हैं। इसके चलते बारिश का दायरा बढ़ने के साथ इसकी तीव्रता में भी बढ़ोतरी हो सकती है। कुछ जिलों में लगातार बारिश या भारी बौछारों की स्थिति बन सकती है। मानसून के दोबारा सक्रिय होने से खरीफ फसलों की खेती कर रहे किसानों को फायदा हो सकता है। खासकर धान की रोपाई वाले क्षेत्रों में बारिश उपयोगी साबित होगी। हालांकि, जिन खेतों में पहले से पानी भरा है, वहां अधिक बारिश फसलों को नुकसान पहुंचा सकती है। शहरों में जलभराव का खतरा तेज बारिश के दौरान प्रदेश के बड़े शहरों में जलभराव की समस्या पैदा हो सकती है। निचले इलाकों, खराब नालियों और कमजोर जल निकासी व्यवस्था वाले क्षेत्रों में सड़कों पर पानी जमा होने की आशंका है। इससे यातायात धीमा हो सकता है और लोगों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में परेशानी उठानी पड़ सकती है। बारिश के समय दोपहिया वाहन चालकों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। सड़कों पर जमा पानी के नीचे गड्ढे दिखाई नहीं देते, जिससे दुर्घटना का खतरा बढ़ जाता है। बिजली गिरने से बचाव जरूरी मौसम खराब होने और बिजली चमकने के दौरान खुले मैदान, ऊंचे पेड़, बिजली के खंभे और टीन की छत के नीचे खड़े होने से बचना चाहिए। ग्रामीण क्षेत्रों में खेतों में काम कर रहे लोगों को गरज सुनाई देने पर तुरंत सुरक्षित स्थान पर चले जाना चाहिए। लोगों को नदी, नाले और पानी से भरे रास्तों को पार करने से भी बचना चाहिए। स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ओर से जारी ताजा जानकारी पर लगातार नजर रखना जरूरी है। आने वाले दिनों में बदलता रहेगा मौसम उत्तर प्रदेश में अगले कुछ दिनों तक मौसम पूरी तरह स्थिर रहने की संभावना कम है। कभी धूप, कभी बादल और अचानक बारिश का दौर जारी रह सकता है। 27 जुलाई के बाद मानसून मजबूत होने पर कई जिलों में अच्छी बारिश देखने को मिल सकती है। ऐसे में लोगों को यात्रा और दैनिक कार्यों की योजना मौसम की स्थिति देखकर बनानी चाहिए।
उत्तर प्रदेश में सोमवार को मौसम ने एक बार फिर करवट ली। कई दिनों की उमस और तेज गर्मी के बाद प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश होने से लोगों को राहत मिली है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद, मेरठ और आसपास के इलाकों में सुबह से ही बादल छाए रहे और कई स्थानों पर झमाझम बारिश दर्ज की गई। वहीं भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने प्रदेश के करीब 30 जिलों में गरज-चमक, तेज हवाओं और वज्रपात की चेतावनी जारी की है। गर्मी से मिली राहत पिछले कुछ दिनों से उत्तर प्रदेश के अधिकांश जिलों में तेज धूप और उमस ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी थी। सोमवार सुबह मौसम बदलते ही कई शहरों में बादल छा गए और हल्की से मध्यम बारिश शुरू हो गई। बारिश के कारण तापमान में गिरावट दर्ज की गई, जिससे लोगों को राहत महसूस हुई। हालांकि कुछ जिलों में उमस अभी भी बनी हुई है और दिन के समय गर्मी का असर देखने को मिल सकता है। इन जिलों में बारिश की संभावना मौसम विभाग के अनुसार गोरखपुर, सिद्धार्थनगर, कुशीनगर, महाराजगंज, देवरिया, संत कबीर नगर और बलरामपुर सहित पूर्वी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई गई है। इन क्षेत्रों के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा मेरठ, गाजियाबाद, नोएडा और आसपास के इलाकों में भी रुक-रुक कर बारिश होने का अनुमान है। 30 जिलों में गरज-चमक और वज्रपात का अलर्ट IMD ने प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की चेतावनी जारी की है। मौसम विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले मैदान, ऊंचे पेड़ों और बिजली के खंभों से दूर रहने की अपील की है। किसानों और खुले स्थानों पर काम करने वाले लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। मानसून फिर हुआ सक्रिय मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार बंगाल की खाड़ी में बने मौसमीय सिस्टम और सक्रिय मानसूनी हवाओं के कारण उत्तर प्रदेश में बारिश की गतिविधियां बढ़ी हैं। इसका असर खासतौर पर पूर्वी और पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में देखने को मिल रहा है। अगले कुछ दिनों तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश और कहीं-कहीं भारी बारिश होने की संभावना बनी हुई है। किसानों के लिए राहत की खबर बारिश किसानों के लिए भी राहत लेकर आई है। धान, मक्का और अन्य खरीफ फसलों की बुवाई कर चुके किसानों को इस बारिश से लाभ मिलने की उम्मीद है। लंबे समय से पर्याप्त वर्षा का इंतजार कर रहे किसानों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों तक अच्छी बारिश जारी रहती है तो फसलों की बढ़वार बेहतर होगी। हालांकि मौसम विभाग ने खेतों में काम करते समय बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए सावधानी बरतने की सलाह भी दी है। लोगों के लिए जारी की गई सलाह मौसम विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें। तेज बारिश या आंधी आने पर सुरक्षित स्थान पर रहें और मौसम से जुड़े आधिकारिक अपडेट पर नजर बनाए रखें। वाहन चालकों को भी बारिश के दौरान धीमी गति से वाहन चलाने और जलभराव वाले क्षेत्रों से बचने की सलाह दी गई है। पूर्वानुमान के अनुसार अगले 24 से 48 घंटों तक उत्तर प्रदेश के कई जिलों में बादल छाए रह सकते हैं। पूर्वी उत्तर प्रदेश में कुछ स्थानों पर भारी बारिश की संभावना है, जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश में हल्की से मध्यम बारिश जारी रह सकती है। इसके बाद मानसून की गतिविधियों में कुछ कमी आने की संभावना भी जताई गई है, लेकिन फिलहाल प्रदेश में मौसम सुहावना बना रहने की उम्मीद है।