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16 दवाओं पर सरकार का बड़ा फैसला, अब नहीं होगी बिक्री

TV 24 Network June 21, 2026 0
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16 दवाओं पर सरकार का बड़ा फैसला | जानिए पूरी खबर

Lucknow Desk: सरकार ने 16 दवाओं पर लगाया प्रतिबंध

केंद्र सरकार ने देशभर में इस्तेमाल होने वाली 16 फिक्स्ड डोज कॉम्बिनेशन (FDC) दवाओं पर प्रतिबंध लगा दिया है। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार इन दवाओं का इस्तेमाल लोगों की सेहत के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है। सरकार ने कहा कि इन दवाओं का कोई स्पष्ट चिकित्सीय लाभ नहीं मिला, इसलिए इनके निर्माण, बिक्री और वितरण पर रोक लगाई गई है।

 

क्या होती हैं FDC दवाएं

फिक्स्ड डोज कॉम्बिनेशन यानी FDC दवाएं वे होती हैं जिनमें दो या उससे अधिक दवाओं को मिलाकर एक दवा तैयार की जाती है। कई मामलों में ये कॉम्बिनेशन मरीजों के लिए फायदेमंद होते हैं, लेकिन कुछ दवाओं के मिश्रण से शरीर पर गलत प्रभाव पड़ सकता है। विशेषज्ञों की जांच में पाया गया कि प्रतिबंधित दवाओं के कॉम्बिनेशन वैज्ञानिक मानकों पर सही नहीं उतरे।

 

स्वास्थ्य मंत्रालय ने क्यों लिया फैसला

सरकार ने यह फैसला विशेषज्ञ समिति की रिपोर्ट के आधार पर लिया है। जांच में सामने आया कि इन दवाओं के सेवन से एलर्जी, लीवर डैमेज, पेट संबंधी समस्याएं और अन्य गंभीर बीमारियों का खतरा बढ़ सकता है। स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि जनता की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया गया है।

 

कौन-कौन सी दवाएं हुईं बैन

प्रतिबंधित दवाओं में कई दर्द निवारक, एंटीबायोटिक और स्किन प्रोडक्ट कॉम्बिनेशन शामिल हैं। इनमें “Amoxicillin + Serratiopeptidase”, “Paracetamol + Lignocaine” और “Dicyclomine + Paracetamol + Clidinium Bromide” जैसे कॉम्बिनेशन शामिल बताए गए हैं। सरकार ने मेडिकल स्टोरों को इन दवाओं की बिक्री तुरंत रोकने का निर्देश दिया है।

 

डॉक्टरों ने फैसले का किया स्वागत

स्वास्थ्य विशेषज्ञों और डॉक्टरों ने सरकार के इस फैसले का समर्थन किया है। उनका कहना है कि कई बार मरीज बिना सही सलाह के ऐसी दवाओं का सेवन कर लेते हैं, जिससे शरीर पर बुरा असर पड़ता है। डॉक्टरों के मुताबिक किसी भी दवा का उपयोग वैज्ञानिक जांच और मेडिकल रिसर्च के आधार पर ही होना चाहिए।

 

बिना डॉक्टर सलाह दवा लेना खतरनाक

विशेषज्ञों का मानना है कि भारत में बड़ी संख्या में लोग छोटी-मोटी बीमारी में सीधे मेडिकल स्टोर से दवा खरीद लेते हैं। यह आदत कई बार गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं को जन्म देती है। सरकार ने लोगों से अपील की है कि वे बिना डॉक्टर की सलाह के कोई भी दवा न लें।

 

फार्मा कंपनियों पर पड़ेगा असर

सरकार के इस फैसले का असर दवा कंपनियों पर भी पड़ सकता है। जिन कंपनियों की बिक्री इन दवाओं पर निर्भर थी, उन्हें आर्थिक नुकसान होने की संभावना है। हालांकि सरकार का कहना है कि मरीजों की सुरक्षा सबसे ज्यादा जरूरी है और किसी भी जोखिम वाली दवा को बाजार में रहने की अनुमति नहीं दी जा सकती।

 

मेडिकल स्टोर संचालकों को निर्देश

स्वास्थ्य मंत्रालय ने मेडिकल स्टोर संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि प्रतिबंधित दवाओं की बिक्री तुरंत बंद की जाए। यदि किसी दुकान में ये दवाएं पाई जाती हैं तो कार्रवाई की जा सकती है। साथ ही लोगों से कहा गया है कि यदि उनके पास ऐसी दवाएं मौजूद हैं तो उनका इस्तेमाल बंद कर डॉक्टर से सलाह लें।

 

पहले भी लग चुके हैं कई बैन

यह पहली बार नहीं है जब सरकार ने किसी दवा पर प्रतिबंध लगाया हो। इससे पहले भी कई फिक्स्ड डोज कॉम्बिनेशन दवाओं पर रोक लगाई जा चुकी है। सरकार लगातार दवा बाजार पर निगरानी बढ़ा रही है ताकि लोगों को सुरक्षित और प्रभावी दवाएं मिल सकें।

 

स्वास्थ्य सुरक्षा की दिशा में बड़ा कदम

विशेषज्ञों के अनुसार सरकार का यह फैसला लोगों की सुरक्षा के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। इससे दवा कंपनियों की जवाबदेही बढ़ेगी और मरीजों में भी जागरूकता आएगी। स्वास्थ्य मंत्रालय का मानना है कि सुरक्षित दवाओं का इस्तेमाल ही बेहतर स्वास्थ्य व्यवस्था की सबसे बड़ी जरूरत है।

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Brijbhushan Sharan Singh के हेलीकॉप्टर की खेत में इमरजेंसी लैंडिंग! इस वजह से बिगड़ा संतुलन

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